Iran-US Israel War: इजरायल-यूएस के ईरान पर हमले और फिर अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत खबरों ने सभी देशों को हिला दिया है. हाल के समय में मिडिल ईस्ट के आसमान में मिसाइल और ड्रोन्स उड़ते हुए देखे जा रहे हैं. जहां ईरान एक तरफ इजरायल और अरब देशों में मौजूद अमेरिकी सैन्य ठिकानों को लगातार निशाना बना रहा है. तो वहीं इजरायल-यूएस की तरफ से भी लगातार हमले जारी हैं.
कुछ मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक अब तक इस जंग में सैकड़ों लोगों की जान जा चुकी है. वहीं अब दूसरी तरफ ईरान की तरफ से इजरायल-यूएस पर नए आरोप लगाए गए हैं.
असल में इंटरनेशनल एटॉमिक एनर्जी एजेंसी (IAEA) में ईरान के एम्बेसडर ने दावा किया है कि रविवार को अमेरिका और इज़राइल ने ईरानी न्यूक्लियर फैसिलिटी पर हमला किया.
यूएन ने दावों को नकारा
हालांकि, UN न्यूक्लियर वॉचडॉग के हेड ने कहा कि इस बात का कोई सबूत नहीं है कि बताए गए हमलों में किसी न्यूक्लियर साइट को नुकसान हुआ है. IAEA के डायरेक्टर जनरल राफेल ग्रॉसी ने सोमवार को एजेंसी के 35-मेंबर वाले बोर्ड ऑफ़ गवर्नर्स को बताया कि एजेंसी के पास “इस बात का कोई संकेत नहीं है कि किसी भी न्यूक्लियर इंस्टॉलेशन को नुकसान पहुँचा है या उस पर हमला हुआ है.”
ग्रॉसी ने आगे कहा कि IAEA अब तक ईरान की न्यूक्लियर रेगुलेटरी अथॉरिटीज़ से कॉन्टैक्ट नहीं कर पाई है. उन्होंने कहा, “ईरानी न्यूक्लियर रेगुलेटरी अथॉरिटीज़ से कॉन्टैक्ट करने की कोशिशें जारी हैं, लेकिन अभी तक कोई जवाब नहीं मिला है.”
‘स्थिति बहुत चिंताजनक’
IAEA चीफ ग्रॉसी ने यह भी कहा कि अब तक, ईरान की सीमा से लगे देशों में रेडिएशन लेवल में सामान्य बैकग्राउंड लेवल से ज़्यादा बढ़ोतरी नहीं देखी गई है. रॉयटर्स के मुताबिक, ग्रॉसी ने आगे कहा, “आज की स्थिति बहुत चिंताजनक है, हम गंभीर नतीजों के साथ संभावित रेडियोलॉजिकल रिलीज़ से इनकार नहीं कर सकते, जिसमें बड़े शहरों जितने बड़े या उनसे भी बड़े इलाकों को खाली कराना शामिल है. उन्होंने आगे कहा, “हमें डिप्लोमेसी और बातचीत पर वापस लौटना होगा.”
पाक में भी देखने को मिली हिंसा
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद पाकिस्तान के कई शहरों में अमेरिका और इजराइल के खिलाफ प्रदर्शन भड़क उठे हैं. कराची में प्रदर्शनकारियों ने अमेरिकी दूतावास पर हमला किया, परिसर में तोड़फोड़ की और आग लगाने का प्रयास किया. झड़प में कई लोग मारे गए और घायल हुए. प्रशासन ने हाई अलर्ट जारी कर दिया है.
कराची में हिंसा और पुलिस की जवाबी कार्रवाई
स्थानीय पुलिस और पैरामिलिट्री बलों ने प्रदर्शनकारियों को रोकने की कोशिश की. आंसू गैस छोड़ी गई और लाठियां भांजी गईं. पुलिस के अनुसार, झड़प के दौरान अब तक 8 प्रदर्शनकारी मारे जाने और कई घायल होने की खबर सामने आ रही है. भीड़ ने पहले दूतावास के परिसर में प्रवेश किया, खिड़कियां तोड़ीं और आग लगाने की कोशिश भी की. पुलिस अधिकारियों ने बताया कि रविवार को करीब 500 प्रदर्शनकारी कराची के पोर्ट शहर में दूतावास पर धावा बोलने आए थे. भीड़ को काबू में लाने के लिए सुरक्षा बल लगातार संघर्ष कर रहे थे. प्रशासन ने कराची में अगले आदेश तक हाई अलर्ट जारी कर दिया है.