Maharashtra Politics: छत्रपति शिवाजी नगर से सामने आई एक तस्वीर ने राजनीति में नई चर्चा छेड़ दी है. इस तस्वीर में वे नेता एक ही टेबल पर साथ डिनर करते दिख रहे हैं, जो दिनभर एक-दूसरे के खिलाफ तीखे बयान दे रहे थे. आमतौर पर जनता नेताओं को मंच से एक-दूसरे पर हमला करते देखती है, लेकिन इस तस्वीर ने राजनीति का एक अलग ही चेहरा दिखा दिया. लोगों को यह देखकर हैरानी हुई कि चुनावी माहौल में भी नेता आपस में बैठकर हँसते-बातें करते नजर आ सकते हैं. यही वजह है कि यह तस्वीर चर्चा का बड़ा विषय बन गई.
बीजेपी और ठाकरे गुट साथ बैठे
इस डिनर में बीजेपी सांसद भागवत कराड, बीजेपी शहर अध्यक्ष किशोर शितोले और ठाकरे गुट के नेता अंबादास दानवे एक साथ बैठे दिखाई दिए. ये वही नेता हैं जो दिन में अलग-अलग मंचों से एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप कर रहे थे. लेकिन रात होते ही वे एक दोस्ताना माहौल में साथ खाना खाते नजर आए. इससे लोगों के मन में कई सवाल उठे—क्या राजनीति में लड़ाई सिर्फ मंच तक सीमित होती है? क्या निजी रिश्ते राजनीति से ऊपर होते हैं? इस तस्वीर ने यह साफ कर दिया कि राजनीतिक विरोध के बावजूद नेताओं के आपसी संबंध बने रहते हैं.
सोशल मीडिया पर बहस और सवाल
जैसे ही यह तस्वीर सोशल मीडिया पर आई, वह तेजी से वायरल हो गई. कुछ लोगों ने इसे राजनीति की “दोहरी सोच” बताया और कहा कि दिन में लड़ाई और रात में दोस्ती ही असली राजनीति है. वहीं, कुछ यूजर्स ने यह भी कहा कि चुनावी मुकाबला अपनी जगह है, लेकिन निजी रिश्तों को अलग रखना गलत नहीं है. राजनीतिक जानकारों का मानना है कि चुनाव के समय ऐसी तस्वीरें आम जनता को जरूर चौंकाती हैं, लेकिन राजनीति में यह कोई नई बात नहीं है. हालांकि, इस डिनर को लेकर अब तक किसी भी नेता की तरफ से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है, जिससे अटकलें और भी तेज हो गई हैं.