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भारत-पाकिस्तान के बंटवारे का दर्द बयां करती ये 5 फिल्में, देखकर आ जाएंगे आंखों से आंसू, गदगद होने लगेगा दिल

15 अगस्त 1947 के दिन भारत बेहद तकलीफों और मुसीबतों को सहन करने के बाद आजाद हुआ था, जिसकी दास्तां कई फिल्मों में बयां की हैं। अगर आपको देशभक्ति से जुड़ी फिल्में देखना पसंद हैं, तो हम आपके लिए लाए हैं ऐसी 5 फिल्में, जो भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के दर्द बयां करती हैं और देशभक्ति से भरी हुई हैं। इन फिल्मों को देख आपकी आंखों में आंसू आ जायेंगे और दिल गदगद होने लगेगा।

By: chhaya sharma | Published: August 19, 2025 12:59:41 PM IST



15 अगस्त 1947 के दिन भारत बेहद तकलीफों और मुसीबतों को सहन करने के बाद आजाद हुआ था, जिसकी दास्तां कई फिल्मों में बयां की हैं। अगर आपको देशभक्ति से जुड़ी फिल्में देखना पसंद हैं, तो हम आपके लिए लाए हैं ऐसी 5 फिल्में, जो भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के दर्द बयां करती हैं और देशभक्ति से भरी हुई हैं। इन फिल्मों को देख आपकी आंखों में आंसू आ जायेंगे और दिल गदगद होने लगेगा। इन देशभक्ति की फिल्मों में दिखाया है कि कैसे भारत-पाकिस्तान अलग हुआ था और उस दौरान लोगों पर क्या बीती थी और किन मुश्किलों का सामना लोगों को करनी पढ़ा था। देशभक्ति से भरी ये फिल्में ऐसी है, जिन्होंने सभी का दिल जीत लिया था और आज भी लोगों को याद हैं। बॉक्स ऑफिस पर भी इन देशभक्ति की फिल्मों ने इतिहास रच दिया था।

फिल्म ‘पिंजर’ (Pinjar)

दिल छू जाने वाली देशभक्ति की फिल्मों में सबसे पहला नाम साल 2003 रिलीज हुई फिल्म ‘पिंजर’ का नाम शामिल हैं। इस फिल्म में भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के दौरान महिलाओं के साथ बीती दुर्घटना और उनकी पीड़ा को दिखाया गया है। फिल्म में उर्मिला मातोंडकर अहम भूमिका में हैं, जो एक हिंदू लड़की का किरदार निभा रही हैं और मनोज बाजपेयी एक मुस्लिम लड़के का किरदार निभा रहे हैं, जो हिंदू लड़की  का अपहरण कर लेते हैं। फिल्म ‘पिंजर’ की कहानी दिल छू जाने वाली और इसे देखकर आपकी आंखों में आंसू आ जायेंगे। 

फिल्म ‘खामोश पानी’ (Khamosh Pani)

पाकिस्तान में बसे एक गांव की कहानी पर आधारित फिल्म ‘खामोश पानी’ भारत-पाकिस्तान के बंटवारे को बखूबी दिखाती हैं। यह इंडो-पाकिस्तानी फिल्म एक पंजाबी गांव में रहने वाली विधवा मां और उसके बेटे के इर्द गिर्द घूमती है, इसमें मां का किरदार किरण खेर ने निभाया है और फिल्म में दमदार अदाकारी ने हर किसी का दिल जीत लिया था। देशभक्ति की भावना से जुड़ी ये फिल्म ‘खामोश पानी’ को 2003 में रिलीज किया गया था, जिसने हर किसी का दिल छू लिया था। 

‘गदर’ (Gadar: Ek Prem Katha)

साल 2001 में रिलीज हुई सुपर डुपर हिट फिल्म ‘गदर’ एक  प्रेम और बलिदान की कहानी हैं, इस फिल्म में भारत-पाकिस्तान के दौरान हुए महिलाओं के साथ गंदे व्यवहार और संघर्ष को भी दिखाया गया हैं। फिल्म ‘गदर’ में सनी देओल और अमीषा पटेल की दमदार एक्टिंग लोगों को काफी ज्यादा पसंद आई थी। फिल्म गदर की कहानी एक सिख ट्रक ड्राइवर तारा सिंह और मुस्लिम लड़की सकीना की प्रेम कहानी है। इसमें विभाजन की हिंसा और नफरत के बीच तारा अपनी पत्नी और बेटे को बचाने के लिए पाकिस्तान जाता है। 

फिल्म 1947: अर्थ (1947 Earth)

1947 के दौरान हुए भारत-पाकिस्तान के बंटवारे के समय को दिखाने वाली यह फिल्म ‘1947: अर्थ’ लोगों को काफी पसंद आई थी। यह फिल्म बाप्सी सिधवा के उपन्यास ‘क्रैकिंग इंडिया’ पर आधारित है। इसमें दिखाया गया है कि पोलियो से ग्रस्त धनी एक पारसी परिवार की लड़की है और उसके माता-पिता, बंटी और रुस्तम और आया शांता उसकी देखभाल करते हैं। वही फिल्म में दिखाया गया है कि विभाजन के दंश का असर उनकी जिंदगी में कैसे पड़ता है और उन्हें क्या-क्या झेलना पड़ता है।

फिल्म ‘ट्रेन टू पाकिस्तान’  (Train to Pakistan)

1998  में रिलीज हुई फिल्म ‘ट्रेन टू पाकिस्तान’ खुशवंत सिंह के उपन्यास पर आधारित है, जिसमें एक पंजाबी गांव की कहानी को दिखाया गया है। इस फिल्म में सिख और मुस्लिम समुदाय शांति से रहते हैं. लेकिन, भारत-पाकिस्तान का बटवारा गांव को भी हिंसा की चपेट में ले लेता है और फिर लाशों का ढेर लग जाता हैं। फिल्म बेहद ज्यादा इमोशनल हैं और इसे देख आपकी आंखों में आंसू आ जायेंगे। 

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