Ration Complaint Process: सार्वजनिक वितरण प्रणाली (PDS) के तहत सरकार गरीब और जरूरतमंद लोगों को सस्ती दर पर राशन उपलब्ध कराती है. लेकिन कई बार शिकायतें आती हैं कि डीलर तय मात्रा से कम अनाज देते हैं या ज्यादा पैसे वसूलते हैं. अब इन समस्याओं के समाधान के लिए सरकार ने शिकायत दर्ज कराने के कई आसान और सीधे तरीके शुरू किए हैं.
हर बुधवार होगी ऑनलाइन सुनवाई
राशन से जुड़ी समस्याओं को सुलझाने के लिए खाद्य एवं सार्वजनिक वितरण विभाग ने हर बुधवार दोपहर 3 से 4 बजे के बीच ऑनलाइन बैठक तय की है. इस दौरान आम लोग सीधे अधिकारियों से जुड़कर अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं और समाधान की मांग कर सकते हैं.
घर बैठे ऐसे जुड़ें ऑनलाइन मीटिंग में
इस ऑनलाइन मीटिंग में शामिल होने के लिए आपको विभाग द्वारा जारी लिंक (http://dfpd.gov.in/vc-link/en) पर जाना होगा. यहां से आप सीधे अधिकारियों से जुड़ सकते हैं. यह सुविधा उन लोगों के लिए बेहद फायदेमंद है, जो बिना दफ्तर गए अपनी बात रखना चाहते हैं. ग्रामीण इलाकों में अक्सर कोटेदार द्वारा कम राशन देने या ज्यादा पैसे वसूलने की शिकायतें सामने आती हैं. सोशल मीडिया पर भी ऐसे मामलों को लेकर लोगों की नाराजगी देखी जा रही है.
व्हाट्सएप से ऐसे करें शिकायत दर्ज
सरकार ने व्हाट्सएप के जरिए शिकायत दर्ज करने की सुविधा भी शुरू की है. इसके लिए आपको +91-9868200445 नंबर पर “Hi” लिखकर भेजना होगा. इसके बाद दिए गए निर्देशों का पालन कर आप अपनी समस्या आसानी से दर्ज करा सकते हैं. अगर आप फोन के जरिए शिकायत करना चाहते हैं, तो 14457 नंबर पर कॉल कर सकते हैं. यहां अपनी समस्या बताने पर संबंधित अधिकारी शिकायत दर्ज कर कार्रवाई करते हैं.
राशन कार्ड और तय कोटे का नियम
राशन कार्ड के जरिए लाभार्थियों को तय मात्रा और दर पर अनाज दिया जाता है. अलग-अलग वर्गों के लिए अलग-अलग प्रकार के राशन कार्ड जारी किए जाते हैं. लेकिन कई बार डीलर इन नियमों का पालन नहीं करते, जिससे लोगों को परेशानी होती है.
टोल-फ्री नंबर और पोर्टल से भी करें शिकायत
आप अपने राज्य के खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के पोर्टल पर जाकर हेल्पलाइन नंबर प्राप्त कर सकते हैं. इसके अलावा नेशनल फूड सिक्योरिटी पोर्टल (https://nfsa.gov.in) पर राज्यवार टोल-फ्री नंबर की जानकारी भी उपलब्ध है, जहां शिकायत दर्ज कराई जा सकती है. अगर आपने राशन कार्ड के लिए आवेदन किया है और लंबे समय से कार्ड नहीं मिला है, तो आप इन माध्यमों के जरिए अपनी शिकायत दर्ज करा सकते हैं और समाधान पा सकते हैं.