Relationship Goals: बॉलीवुड की यंग स्टार अनन्या पांडे आजकल न सिर्फ अपनी फ़िल्मों बल्कि अपने पर्सनल विचारों की वजह से भी सुर्खियों में है. हाल ही में अनन्या ने मॉडर्न रिश्तों और 90 के दशक के रोमांस के बीच के फर्क पर अपने विचार शेयर किया है. अनन्या का मानना है कि उस जमाने में प्यार में जो गहराई और कमिटमेंट था, वह आज धीरे-धीरे खत्म होता जा रहा है.
90 का दशक: प्यार का मतलब था वफ़ादारी
अनन्या पांडे ने बताया है कि वह 90 के दशक की रोमांटिक फिल्में देखकर बड़ी हुई है. अनन्या के अनुसार उस समय प्यार सिर्फ साथ समय बिताने के बारे में नही था. बल्कि एक दूसरे के प्रति पूरी तरह से समर्पित होने के बारे में था. फिर अनन्या ने कहा कि “उस जमाने में प्यार का मतलब कमिटमेंट था. अगर दो लोग साथ होते थे, तो वे हर मुश्किल में एक-दूसरे का साथ देने का वादा करते थे. आज की पीढ़ी में वह सब्र और स्थिरता नहीं है.”
मॉडर्न रिश्ते और सोशल मीडिया का असर
मॉडर्न रिश्तों पर कमेंट करते हुए अनन्या ने कहा कि डेटिंग ऐप्स और सोशल मीडिया ने रोमांस को काफ़ी बदल दिया है. आजकल लोगों के पास इतने सारे ऑप्शन होते है, जिससे वे एक रिश्ते में टिकने के बजाय जल्दी बोर हो जाते है. उनके मुताबिक आज प्यार कुछ हद तक सतही हो गया है, जहां लोग छोटी-छोटी बातों पर ब्रेकअप कर लेते है. अनन्या ने आज के रिश्तों को “सिचुएशनशिप” और “कैज़ुअल डेटिंग” जैसे शब्दों के जाल में फंसा हुआ बताया है.
पुरानी फ़िल्मों जैसा रोमांस पसंद
अनन्या ने बताया कि वह स्वभाव से बहुत रोमांटिक हैं और उन्हें आज भी पुराने जमाने के खत, लंबी बातचीत और बिना किसी दिखावे के सच्चा प्यार पसंद है. उन्हें शाहरुख खान और काजोल की फ़िल्मों का जमाना बहुत याद आता है, जहां प्यार में एक सादगी और एक अनोखा जादू था. अनन्या अपनी ज़िंदगी में ऐसा कोई चाहती है जो प्यार को सिर्फ़ एक दिखावा न समझे, बल्कि उसे गंभीरता से ले. अपने करियर के बारे में बात करते हुए अनन्या ने कहा कि वह अभी पूरी तरह से अपने काम पर फोकस कर रही है. लेकिन भविष्य में वह ऐसा रिश्ता चाहती हैं जो उन्हें 90 के दशक की याद दिलाए. उनका मानना है कि आज की तेज रफ़्तार ज़िंदगी में रिश्तों में भरोसा और मजबूती बनाए रखने के लिए हमें फिर से उस पुराने जमाने के कमिटमेंट की जरूरत है.
अनन्या पांडे के इस बयान पर युवाओं के बीच काफ़ी चर्चा हो रही है. कई लोग उनसे सहमत है कि टेक्नोलॉजी के इस जमाने में प्यार का असली मतलब खो गया है. अनन्या की बातों से यह साफ़ है कि भले ही वह आज की मॉडर्न एक्ट्रेस हैं, लेकिन उनका दिल आज भी पुराने ज़माने के सच्चे रोमांस के लिए तरसता है.