Categories: धर्म

Shardiya Navratri 2025: शारदीय नवरात्रि की महानवमी पर करें मां सिद्धिदात्री की पूजा, जानें पूजा विधि, मंत्र और भोग

Shardiya Navratri Day 8: शारदीय नवरात्रि का नवां दिन महानवमी कहलाता है और इस दिन मां दुर्गा के सिद्धिदात्री स्वरूप की पूजा का विशेष महत्व है. देवी सिद्धिदात्री समस्त सिद्धियों और शक्तियों की अधिष्ठात्री मानी जाती हैं. मान्यता है कि जो भक्त सच्चे मन से महानवमी के दिन मां की आराधना करता है, उसके जीवन से सभी प्रकार की बाधाएं दूर होती हैं और उसे सुख-समृद्धि, आत्मबल और सफलता का आशीर्वाद मिलता है.

Published by Shivi Bajpai

Maa Siddhidhatri: शारदीय नवरात्रि का नवां दिन महानवमी कहलाता है और इस दिन मां दुर्गा के सिद्धिदात्री स्वरूप की पूजा की जाती है. मां सिद्धिदात्री सभी प्रकार की सिद्धियों को प्रदान करने वाली देवी मानी जाती हैं. वे भक्तों के भय, कष्ट और बाधाओं का नाश कर उन्हें सुख, शांति और समृद्धि का वरदान देती हैं. मान्यता है कि महानवमी पर विधिपूर्वक मां सिद्धिदात्री की पूजा करने से जीवन में आने वाली रुकावटें दूर होती हैं और भक्ति से साधक को अद्भुत आत्मबल प्राप्त होता है.

मां सिद्धिदात्री की पूजा विधि

महानवमी के दिन प्रातःकाल स्नान करके स्वच्छ वस्त्र पहनें और घर के पूजा स्थल को साफ-सुथरा करें. मां दुर्गा की प्रतिमा या चित्र के समक्ष कलश स्थापना करें और उस पर लाल चुनरी, पुष्प और अक्षत अर्पित करें. मां सिद्धिदात्री को लाल या गुलाबी फूल अर्पित करना अत्यंत शुभ माना जाता है. धूप-दीप प्रज्वलित कर देवी को भोग लगाएं और विधिपूर्वक मंत्रों का जप करें. साथ ही इस दिन कन्या पूजन और भोग के रूप में बालिकाओं को भोजन कराना भी बेहद शुभ माना जाता है.

मां सिद्धिदात्री का मंत्र

महानवमी के दिन मां सिद्धिदात्री की कृपा पाने के लिए इस मंत्र का जाप करना अत्यंत लाभकारी माना गया है–

ॐ ऐं ह्रीं क्लीं सिद्धिदात्यै नमः.

Related Post

इस मंत्र का कम से कम 108 बार जाप करने से भक्तों को आत्मविश्वास, सिद्धि और सौभाग्य प्राप्त होता है.

मां सिद्धिदात्री का भोग

पूजा के समय मां सिद्धिदात्री को नारियल, चना, पूड़ी-हलवा और मौसमी फल अर्पित करने की परंपरा है. नारियल और हलवा का विशेष महत्व है, क्योंकि यह मां को अत्यंत प्रिय है. भोग लगाने के बाद इसे प्रसाद स्वरूप परिवार और कन्याओं को वितरित करना चाहिए.

Dussehra 2025: यहां जाने दशहरा के दिन रावण दहन का शुभ मुहूर्त और विजयदशमी पूजा विधि

महत्व और लाभ

महानवमी का दिन नवरात्रि का सबसे पावन दिन माना जाता है. इस दिन की गई पूजा से भक्त को अष्टसिद्धि और नव निधियों का आशीर्वाद मिलता है. माना जाता है कि मां सिद्धिदात्री की कृपा से साधक के जीवन से हर प्रकार का भय समाप्त हो जाता है और जीवन में नई ऊर्जा और आत्मबल का संचार होता है. इस दिन कन्या पूजन का भी विशेष महत्व है, क्योंकि इसमें मां दुर्गा का स्वरूप कन्याओं में पूजित होता है.

अतः शारदीय नवरात्रि 2025 की महानवमी पर मां सिद्धिदात्री की पूजा विधि, मंत्र और भोग के साथ श्रद्धापूर्वक आराधना करने से जीवन में सुख, शांति, सिद्धि और समृद्धि का आशीर्वाद प्राप्त होता है.

Hanuman Chalisa की इन चौपाइयों को पढ़ने से होगी आपकी Manifestation पूरी! सेहत धन की परेशानियां होगी जीवन से गायब

Shivi Bajpai

Recent Posts

GPM Water Crisis: जल संकट के बीच बड़ा प्रशासन का बड़ा फैसला, नलकूप खनन पर पूरी तरह प्रतिबंध; आदेश जारी

borewell drilling ban Chhattisgarh: कलेक्टर द्वारा नलकूप खनन हेतु अनुमति प्रदान करने के लिए अतिरिक्त…

April 20, 2026

चंदौली पुलिस का कमाल, 121 खोए मोबाइल किए बरामद; मालिकों के चेहरे पर आई रौनक

Chandauli police recovery: चंदौली पुलिस ने कमाल कर दिखाया है. एक विशेष अभियान के तहत…

April 20, 2026

Katni auto theft: कटनी में शातिर वाहन चोर गिरफ्तार, घंटाघर से चोरी ऑटो शमशान में छपाया

Katni auto theft:  कटनी में घंटाघर से चोरी हुआ ऑटो पुलिस ने बरामद किया, आरोपी…

April 20, 2026

Jashpur Plane Crash: जशपुर में बड़ा प्लेन क्रैश, पहाड़ियों में गिरा चार्टर्ड विमान,मौके पर पहुंची टीमें

Plane crash: छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले की आरा पहाड़ियों में एक चार्टर्ड विमान क्रैश हो…

April 20, 2026

हेलीकॉप्टर से दुल्हन लेने पहुंचा दूल्हा! राजगढ़ में दिखी ‘उड़न खटोला’ बारात की शाही एंट्री

Rajgarh Wedding Goes Viral: राजगढ़ जिले सरपंच के पुत्र अनमोल ठाकुर की बारात किसी घोड़ी…

April 20, 2026