Kundarki Power Cut: कुंदरकी थाना क्षेत्र में स्थित विद्युत केंद्र जलालपुर खास से जुड़े कई गांवों में पिछले 48 घंटे से बिजली आपूर्ति पूरी तरह ठप है.भीषण गर्मी के बीच बिजली न होने से ग्रामीणों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है.सबसे ज्यादा दिक्कत पानी की हो रही है.
सबमर्सिबल पंप बंद, पानी का संकट गहराया
बिजली न होने के कारण गांवों में लगे सबमर्सिबल पंप बंद पड़े हैं. ऐसे में लोगों को पीने और घरेलू कामों के लिए पानी के लिए जूझना पड़ रहा है. गांवों में कुछ ही हैंडपंप चालू हैं, जिन पर सुबह से ही महिलाओं और बच्चों की लंबी कतारें लग रही हैं. कई ग्रामीण दूर-दराज से पानी लाने को मजबूर हैं. मवेशियों के लिए भी पानी का संकट गहराता जा रहा है.
स्थानीय व्यापार पर दिख रहा बिजली संकट का असर
बिजली संकट का असर स्थानीय व्यापार पर भी साफ दिखाई दे रहा है. गांव के दुकानदारों का कहना है कि बिजली न होने से फ्रिज बंद पड़े हैं और कोल्ड ड्रिंक लस्सी दही दूध इत्यादि का कारोबार सबसे अधिक प्रभावित हो रहा है. जिससे बिक्री पूरी तरह प्रभावित हो गई है.ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द बिजली बहाल नहीं हुई तो वे आंदोलन करने को मजबूर होंगे.
हैंडपंपों पर लगी घंटों की कतार
स्थानीय निवासी बादाम सिंह ने बताया कि दो दिन से बिजली नहीं है, सब मर्सिबल पंप बंद पड़े हैं. हैंडपंपों पर इतनी भीड़ है कि घंटों कतार में लगना पड़ रहा है.घर के काम करना भी मुश्किल हो गया है.मोहम्मद आज़ाद का कहना है कि बच्चों और घर के लिए पानी जुटाना सबसे बड़ी समस्या बन गई है.अधिकतर घरों में समबरसेबिल हैं, घरों में हैंडपंप न होने से लोग पानी को तरस गए हैं.
‘जल्द आपूर्ति बहाल करने की अपील’
यूपी वर्किंग जर्नलिस्ट यूनियन के ब्लॉक अध्यक्ष फिरासत चौधरी का कहना है कि ग्रामीणों की समस्या को देखते हुए क्षेत्र का दौरा कर ग्रामीणों से बातचीत कर उनकी परेशानियां जानीं और मौके से ही विद्युत विभाग के अधिकारियों से फोन पर बात कर जल्द आपूर्ति बहाल करने की अपील की है.
‘आंधी के कारण लाइन क्षतिग्रस्त’
एसडीओ विद्युत कुंदरकी अनिल सिंह ने बताया की आंधी के कारण लाइन क्षतिग्रस्त हुई है. विभाग की टीमें लगातार मरम्मत के कार्य में लगी हैं और जल्द ही बिजली आपूर्ति सुचारू करने का प्रयास किया जा रहा है.
‘घर के काम करना भी मुश्किल हो गया’
दोदिन से बिजली नहीं है, सबमर्सिबल पंप बंद पड़े हैं. हैंडपंपों पर इतनी भीड़ है कि घंटों कतार में लगना पड़ रहा है. घर के काम करना भी मुश्किल हो गया है.
-बादाम सिंह, स्थानीय निवासी.
‘बच्चों और घर के लिए पानी जुटाना सबसे बड़ी समस्या’
बच्चों और घर के लिए पानी जुटाना सबसे बड़ी समस्या बन गई है. अधिकतर घरों में समबरसेबिल हैं, घरों में हैंडपंप न होने से लोग पानी को तरस गए हैं.
-मोहम्मद आज़ाद, स्थानीय निवासी.
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