Categories: देश

Independence day 2025: 15 अगस्त को आप भी फहरा रहे हैं तिरंगा? झंडे के साथ भूलकर भी न करना ये गलती, चुकानी पड़ सकती है बड़ी कीमत!

Independence day 2025: हमारा तिरंगा केवल कपड़े का एक टुकड़ा नहीं है, बल्कि यह देश की एकता, सम्मान और बलिदान का प्रतीक है। हर भारतीय के दिल में इसके लिए गहरा सम्मान होना चाहिए। इसलिए, भारत सरकार ने राष्ट्रीय ध्वज के प्रयोग और उसकी गरिमा बनाए रखने के लिए "भारत का राष्ट्रीय सम्मान अधिनियम, 1971" (Prevention of Insults to National Honour Act, 1971) बनाया है।

Published by Ananya verma

Independence day 2025: हमारा तिरंगा केवल कपड़े का एक टुकड़ा नहीं है, बल्कि यह देश की एकता, सम्मान और बलिदान का प्रतीक है। हर भारतीय के दिल में इसके लिए गहरा सम्मान होना चाहिए। इसलिए, भारत सरकार ने राष्ट्रीय ध्वज के प्रयोग और उसकी गरिमा बनाए रखने के लिए “भारत का राष्ट्रीय सम्मान अधिनियम, 1971” (Prevention of Insults to National Honour Act, 1971) बनाया है।

तिरंगे का क्या अपमान माना जाता है?
तिरंगे का अपमान कई तरीकों से हो सकता है, जैसे:

  • ध्वज को जमीन पर गिराना
  • गंदा या फटा झंडा लगाना
  • झंडे को किसी कपड़े, सजावट या विज्ञापन में इस्तेमाल करना
  • झंडे पर लिखना या चित्र बनाना
  • झंडे को उल्टा लगाना
  • ऐसे कार्यक्रम में झंडे का इस्तेमाल करना जिससे उसकी गरिमा कम हो

जुर्माना और सजा:
राष्ट्रीय सम्मान अधिनियम के अनुसार, अगर कोई व्यक्ति जानबूझकर तिरंगे का अपमान करता है, तो उस पर 3 साल तक की जेल, या जुर्माना, या दोनों की सज़ा हो सकती है। यह कानून सख्ती से लागू होता है ताकि लोग तिरंगे के सम्मान में लापरवाही न करें।

इसका अपमान करमे से कैसे बचे ?
भारत सरकार ने Flag Code of India में झंडा फहराने के नियम तय किए हैं। इनमें कुछ अहम बातें हैं:
झंडा हमेशा साफ़ और सही हालत में होना चाहिए।
जब झंडा सीधा (Horizontal) लगाया जाए, तो ऊपर केसरिया, बीच में सफ़ेद और नीचे हरा रंग होना चाहिए।
अगर झंडा लंबवत (Vertical) लगाया जाए, तो केसरिया रंग दर्शकों की बाईं ओर हो।
झंडे को सूर्योदय से सूर्यास्त तक फहराएँ, या रात में फहराने पर उस पर पर्याप्त रोशनी हो।
पुराने या खराब झंडे का निपटारा सम्मानपूर्वक करें, जैसे जलाकर।

तिरंगे से जुड़ी रोचक जानकारी
तिरंगे को 22 जुलाई 1947 को अपनाया गया था।
इसमें तीन रंग- केसरिया, सफ़ेद और हरा और बीच में अशोक चक्र होता है।
अशोक चक्र में 24 तीलियाँ हैं, जो समय और प्रगति का प्रतीक हैं।
झंडा खादी या हाथ से बुने कपड़े से बनाया जाना चाहिए।
तिरंगे को केवल उचित स्थान और सम्मानजनक तरीक़े से ही फहराया जा सकता है।

तिरंगे का सम्मान क्यों ज़रूरी है?
तिरंगा उन वीरों की याद दिलाता है जिन्होंने अपने प्राणों की आहुति देकर हमें आज़ादी दिलाई। जब हम इसका अपमान करते हैं, तो यह केवल कानून तोड़ना नहीं है, बल्कि शहीदों

Ananya verma
Published by Ananya verma

Recent Posts

नोएडा एयरपोर्ट के लिए खुशखबरी, टेकऑफ के लिए तैयार फ्लाइट्स; कब से शुरु होगी उड़ान?

Noida Airport: उत्तर प्रदेश के जेवर में बने नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर जल्द ही विमान…

March 6, 2026

Salim Khan health update: जावेद अख्तर ने दी सलीम खान की हेल्थ अपडेट, बताई मौजूदा हालत

Salim Khan health update: मामूली ब्रेन हैम्ब्रेज के बाद अस्पताल में भर्ती सलीम खान की…

March 6, 2026

Remarriage trend: 36 गुणों की चिंता छोड़, परफेक्ट पार्टनर की तलाश, देश में 43% तक बढ़ा री-मैरिज का चलन

Remarriage trend: भारत में शादी को लेकर युवाओं की सोच तेजी से बदल रही है.…

March 6, 2026

Burning candles is dangerous: मोमबत्ती जलाना हुआ खतरनाक, रिसर्च में चौंकाने वाला खुलासा, बीमारी भी ऐसी कि जा सकती है जान

Burning candles is dangerous: नए शोध के अनुसार सुगंधित और पैराफिन मोम से बनी मोमबत्तियां…

March 6, 2026