Categories: देश

Youngest Organ Donor: 10 महीने की नन्ही परी ने बचाईं कई जिंदगियां! लिवर, किडनी, कॉर्निया… जाते-जाते डोनेट किए कई ऑर्गन

Kerala News: पथानामथिट्टा में 10 महीने की बच्ची, एरिन शेरिन अब्राहम मल्लापल्ली, केरल की सबसे कम उम्र की ऑर्गन डोनर बन गई है. उसने अपने माता-पिता की सहमति से कई ऑर्गन डोनेट किए हैं.

Published by Heena Khan

Kerala News: पथानामथिट्टा में 10 महीने की बच्ची, एरिन शेरिन अब्राहम मल्लापल्ली, केरल की सबसे कम उम्र की ऑर्गन डोनर बन गई है. उसने अपने माता-पिता की सहमति से कई ऑर्गन डोनेट किए हैं. एक बड़े एक्सीडेंट के बाद, उसे हॉस्पिटल में ब्रेन-डेड घोषित कर दिया गया था. उसके माता-पिता, अरुण अब्राहम और शेरिन एन जॉन ने उसके ऑर्गन डोनेट करने की सहमति दी, जिसमें बच्ची का लिवर, दो किडनी, हार्ट वाल्व और कॉर्निया डोनेट किए गए.

डोनेट किए गए कई ऑर्गन

 बता दें कि लिवर को तिरुवनंतपुरम के KIMS हॉस्पिटल में इलाज करा रहे छह महीने के बच्चे में ट्रांसप्लांट किया गया. वो राज्य में मरणोपरांत लिवर ट्रांसप्लांट करवाने वाला सबसे कम उम्र का बच्चा बन गया है. किडनी दूसरे बच्चे को दी गईं, हार्ट वाल्व तिरुवनंतपुरम के श्री चित्रा इंस्टीट्यूट में ट्रांसप्लांट किया जाएगा, दो आंखें अमृता हॉस्पिटल में रहेंगी, जिन्हें ज़रूरतमंद मरीज़ों में ट्रांसप्लांट किया जाएगा.

Valentine Day Wishes 2026: दिल की बात कहनी है? अपने पार्टनर को भेजें ये Romantic Quotes, चेहरे पर 100% आएगी मुस्कान

एलिन को क्या हुआ?

5 फरवरी को दोपहर 2.30 बजे एलिन के परिवार का एक बड़ा एक्सीडेंट हो गया, जब वो कोट्टायम से एम.सी. रोड होते हुए तिरुवल्ला जा रहे थे. एक जंक्शन के पास दूसरी तरफ से आ रही एक कार ने गाड़ी को टक्कर मार दी. बच्ची को गंभीर चोटें आईं, लेकिन उसके साथ मौजूद उसकी माँ और दादा-दादी भी बुरी तरह घायल हो गए. उसे चंगनास्सेरी और तिरुवल्ला के एक हॉस्पिटल में ले जाया गया, बाद में उसे कोच्चि शिफ्ट कर दिया गया, जहां 13 फरवरी को उसे ब्रेन-डेड घोषित कर दिया गया.

ऑर्गन ट्रांसपोर्टेशन की कोशिशें

हॉस्पिटल से तिरुवनंतपुरम के अलग-अलग मेडिकल सेंटर तक ऑर्गन ट्रांसपोर्टेशन KNOS (केरल नेटवर्क फॉर ऑर्गन शेयरिंग), होम डिपार्टमेंट, पुलिस और एम्बुलेंस के लिए रास्ता बनाने वाले लोगों की मिलकर की गई कोशिश थी. एम्बुलेंस कोच्चि से तिरुवनंतपुरम सिर्फ़ 3 घंटे 15 मिनट में पहुँच गई, जबकि आमतौर पर एर्नाकुलम से पहुँचने में 5-6 घंटे लगते हैं.

Pulwama Attack: 40 जवानों के खून के बदले 300 आतंकियों की लाशें! पुलवामा अटैक के बाद PM मोदी का हुकुम और बालाकोट में एयर स्ट्राइक

Heena Khan
Published by Heena Khan

Recent Posts

Ghar Mein Shivling Sthapna: घर में शिवलिंग स्थापित करना सही या गलत? क्या कहते हैं धर्मग्रंथ

Ghar Mein Shivling Sthapna: घर में शिवलिंग स्थापित किया जा सकता है, लेकिन इसके लिए…

February 14, 2026

T20 World Cup 2026: भारत-पाकिस्तान के बीच मैच नहीं हुआ तो किसे होगा सबसे ज्यादा नुकसान, जानकर होगी हैरानी

T20 World Cup 2026: अगर रविवार को भारत बनाम पाकिस्तान T20 वर्ल्ड कप मैच बारिश…

February 14, 2026

Viral Video: न घुटनों पर बैठना, न गुलाब… लड़के ने अपनाया प्रोपोज करने का ऐसा तरीका, सोशल मीडिया भी हुआ फिदा

Valentine Special: इतने सालों में प्रपोज़ल बहुत बदल गए हैं. कुछ लोग कैंडललाइट डिनर और…

February 14, 2026

Maharashtra: स्कूल से सीधे अस्पताल! आयरन की गोलियां खाते ही 19 बच्चों की हालत नासाज, कहीं आप तो नहीं कर रहे ये गलती; जान लें नुकसान

Maharashtra Students: महाराष्ट्र के चंद्रपुर जिले के एक ज़िला परिषद स्कूल के उन्नीस छात्र बीमार पड़…

February 14, 2026