Narendra Modi Israel visit: भारत और इजरायल के बीच रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं. इसी कड़ी में इजरायल के पीएम बेंजामिन नेतन्याहू ने पीएम नरेंद्र मोदी के दौरे से पहले भारत के साथ एक नए रणनीतिक फ्रेमवर्क-‘हेक्सागॉन एलायंस’-को आकार देने का संकेत दिया है. इसे क्षेत्रीय और वैश्विक समीकरणों के लिहाज से अहम कदम माना जा रहा है. पीएम मोदी आज सुबह 9 बजे दिल्ली के पालम एयरफोर्स स्टेशन से दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर इजरायल के लिए रवाना होंगे. यह उनकी इजरायल की दूसरी यात्रा है. इससे पहले वह 2017 में इजरायल गए थे. पीएम मोदी के आगमन से पहले इजरायल की संसद नेसेट तिरंगे की रोशनी से जगमगा उठी.
रक्षा और हाई-टेक सहयोग पर फोकस
यह यात्रा रक्षा, सुरक्षा, हाई-टेक, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी और व्यापार सहयोग पर केंद्रित रहेगी. दोनों देशों के बीच डिफेंस डील को लेकर विशेष चर्चा होने की संभावना है. भारत और इजरायल पहले से ही रक्षा तकनीक, ड्रोन, मिसाइल और साइबर सुरक्षा के क्षेत्र में सहयोग कर रहे हैं, जिसे अब और विस्तार दिया जा सकता है.
नेसेट में ऐतिहासिक संबोधन
एयरपोर्ट से पीएम मोदी शाम 4:30 बजे येरुशलम पहुंचेंगे, जहां नेसेट में उनका आधिकारिक स्वागत होगा. वह इजरायली संसद को संबोधित भी करेंगे. यह भारत के किसी प्रधानमंत्री द्वारा नेसेट में पहला संबोधन होगा. इसके बाद शाम 6 बजे वह तकनीक और एआई पर केंद्रित इनोवेशन इवेंट में भाग लेंगे. शाम 7:30 बजे किंग डेविड होटल में पीएम नेतन्याहू और उनकी पत्नी के साथ आधिकारिक डिनर का कार्यक्रम है.
दूसरे दिन सुबह 8:45 से 9:30 बजे तक पीएम मोदी याद वाशेम होलोकॉस्ट मेमोरियल का दौरा करेंगे. इसके बाद सुबह 11 बजे दोनों नेताओं के बीच विस्तृत बैठक होगी. बैठक के बाद कई अहम समझौतों पर हस्ताक्षर और संयुक्त बयान जारी किए जाएंगे. दोपहर 2 बजे वह नई दिल्ली के लिए रवाना होंगे.
‘हेक्सागॉन’ एलायंस में भारत की एंट्री
पीएम मोदी की यात्रा से पहले पीएम नेतन्याहू ने एक अहम घोषणा करते हुए भारत को ‘हेक्सागॉन’ एलायंस में शामिल करने का ऐलान किया है. नेतन्याहू ने इसे उग्रवाद और आतंकवाद के खिलाफ गठित सहयोग तंत्र बताया. नेतन्याहू ने कहा कि उनका उद्देश्य मध्य पूर्व और आसपास के क्षेत्रों में गठबंधनों की एक ऐसी प्रणाली बनाना है, जो एक ‘हेक्सागन’ यानी छह पक्षों वाले ढांचे के रूप में काम करे. उन्होंने भारत को “वैश्विक शक्ति” और पीएम मोदी को “व्यक्तिगत मित्र” बताते हुए दोनों देशों के रिश्तों को और मजबूत बताया.
क्या है ‘हेक्सागॉन’ एलायंस?
‘हेक्सागॉन’ का अर्थ है छह पक्षों वाला ढांचा. कूटनीतिक रूप से यह छह देशों का ऐसा सहयोग मंच है, जो सुरक्षा, तकनीक, व्यापार और कनेक्टिविटी जैसे क्षेत्रों में मिलकर काम करेगा. इसमें भारत और इजरायल के अलावा अरब राष्ट्र, अफ्रीकी देश, भूमध्यसागरीय क्षेत्र के देश जैसे ग्रीस और साइप्रस तथा एशिया के अन्य साझेदार शामिल बताए जा रहे हैं. यह पहल व्यापक रूप से आईएमईसी की अवधारणा से मेल खाती है, जिसका उद्देश्य कनेक्टिविटी और आर्थिक विकास को बढ़ावा देना है.
पाकिस्तान और तुर्की को झटका
विश्लेषकों का मानना है कि इस नए रणनीतिक ढांचे से पाकिस्तान और तुर्की जैसे देशों को कूटनीतिक संदेश गया है. पश्चिम एशिया, दक्षिण एशिया और भूमध्यसागरीय क्षेत्र में बदलते समीकरणों के बीच यह गठजोड़ शक्ति संतुलन को नई दिशा दे सकता है. पीएम मोदी की यह यात्रा सिर्फ द्विपक्षीय संबंधों तक सीमित नहीं है, बल्कि यह एक व्यापक क्षेत्रीय रणनीति का संकेत भी दे रही है, जिसमें रक्षा, तकनीक और आर्थिक कनेक्टिविटी को नई ऊंचाई देने की तैयारी दिख रही है.