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Vande Mataram 150: पहली बार गणतंत्र दिवस परेड में शामिल होंगे ये खतरनाक हथियार, क्यों चर्चा में हैं कैप्टन हर्षिता राघव?

Vande Mataram 150 Republic Day 2026:  इस बार गणतंत्र दिवस परेड 2026 में जांस्कर टट्टू, बैक्ट्रियन ऊंट, रैप्टर (चील) और सेना के कुत्तों वाली एक पशु टुकड़ी परेड में शामिल होगी.

By: JP Yadav | Published: January 24, 2026 12:25:44 PM IST



Vande Mataram 150: हर साल की तरह इस बार भी देशभर में 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा. इसके लिए देशभर में हजारों जगहों पर सरकारी और गैरसरकारी आयोजन होंगे, लेकिन सबकी निगाहें देश की राजधानी दिल्ली में होने वाले मुख्य आयोजन पर होंगी. नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर बारिश के बीच शुक्रवार (23 जनवरी, 2026) को गणतंत्र दिवस परेड 2026 के फुल ड्रेस रिहर्सल के दौरान सूर्यास्त्र सिस्टम, भैरव बटालियन, बैक्ट्रियन ऊंट समेत कई अन्य चीजों को शामिल किया गया.  इसको लेकर मेजर जनरल नवराज ढिल्लों (चीफ ऑफ स्टाफ, दिल्ली एरिया) ने मीडिया को बताया कि इस बार गणतंत्र दिवस पर 26 जनवरी, 2026 को होने वाली परेड में लगभग 6,000 रक्षा कर्मी हिस्सा लेंगे. इस बार गणतंत्र दिवस परेड में कई पहली बार चीजें देखने को मिलेंगी. इनमें सूर्यास्त्र सिस्टम, भैरव बटालियन, बैक्ट्रियन ऊंट भी शामिल हैं. पहली बार  घुड़सवार 61 कैवलरी के दल के सदस्य युद्धक गियर में दिखाई देंगे. इस बार प्रमुख सेना संपत्तियां, जिसमें कर्मियों के साथ स्वदेशी प्लेटफॉर्म,  गहरी मारक क्षमता वाला रॉकेट लॉन्चर सिस्टम ‘सूर्यास्त्र’, नई गठित भैरव लाइट कमांडो बटालियन और ज़ांस्कर टट्टू और बैक्ट्रियन ऊंट पहली बार गणतंत्र दिवस परेड का हिस्सा होंगे.

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गणतंत्र दिवस पर नई दिल्ली में होने वाली परेड में शक्तिबान रेजिमेंट की भी शुरुआत होगी. इसे तोपखाने में स्थापित किया गया है. मेजर जनरल नवराज ढिल्लों के मुताबिक, नई गठित रेजिमेंट ड्रोन, काउंटर-ड्रोन और लोइटर म्यूनिशन से लैस होगी. उनके मुताबिक, भारी थर्मल गियर मिश्रित स्काउट्स दल भी पहली बार परेड का हिस्सा होगा. इससे पहले 15 जनवरी, 2026 को जयपुर में आर्मी डे परेड में भैरव लाइट कमांडो बटालियन ने भी अपना डेब्यू किया था. इस बटालियन का गठन पिछले साल अक्टूबर के आसपास हुआ था. 

ये रक्षा संपत्तियां नजर आएंगीं परेड में

परेड के दौरान जिन रक्षा संपत्तियों को दिखाया जाएगा, उनमें मीडियम रेंज सरफेस-टू-एयर मिसाइल (MRSAM) सिस्टम, ब्रह्मोस, आकाश मिसाइल सिस्टम, एडवांस्ड टोड आर्टिलरी गन सिस्टम (ATAGS), धनुष आर्टिलरी गन, शक्तिबान और कुछ ड्रोन का स्टैटिक डिस्प्ले शामिल होंगे.

रक्षा मंत्रालय की मानें तो इस बार 18 मार्चिंग टुकड़ियां और 13 बैंड परेड में हिस्सा लेंगे, जो लगभग 90 मिनट तक चलेगी.  जांस्कर टट्टू, बैक्ट्रियन ऊंट और कुत्तों वाली एक पशु टुकड़ी भी परेड में हिस्सा लेगी. इस बार गणतंत्र दिवस परेड में सेना की पशु टुकड़ी ऐतिहासिक डेब्यू करेगी. इस दौरान सैन्य शक्ति और सांस्कृतिक विरासत के प्रदर्शन के लिए लगभग 40 मिनट का वक्त मिलेगा. 

मेजर जनरल ढिल्लों ने बताया कि इस बार आकाश हथियार प्रणाली और MRSAM प्रणाली को इस साल की परेड में शामिल होगा. यूनिवर्सल रॉकेट लॉन्चर सिस्टम URLS ‘सूर्यास्त्र’ के बारे में उन्होंने बताया कि यह 300 किमी तक सतह से सतह पर हमला कर सकता है. यह पहली बार परेड में शामिल हो रहा है. 

कौन हैं कैप्टन हर्षिता राघव  

रिमाउंट वेटरनरी कोर (RVC) टुकड़ी का नेतृत्व कैप्टन हर्षिता राघव करेंगी.  टुकड़ी में दो बैक्ट्रियन ऊंट, चार जांस्कर टट्टू, चार रैप्टर और कुछ सेना के कुत्ते शामिल होंगे. ये जानवर सिर्फ़ भारतीय सेना के सैनिक हैं. भारतीय सेना के सच्चे फ़ोर्स मल्टीप्लायर हैं.

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