Insulin Resistance: इंसुलिन रेजिस्टेंस टाइप-2 डायबिटीज का मुख्य कारण है I दरअसल, यह समस्या तब होती है, जब शरीर की कोशिकाएं इंसुलिनन पर प्रतिक्रिया करने एकदम बंद कर देती हैं. जिससे ब्लड शुगर लेवल बढ़ने लगता है. अच्छी बात यह है कि अगर सुबह खाली पेट कुछ खास चीजों का सेवन किया जाए, तो इस समस्या से बचा जा सकता है.
क्या है इंसुलिन रेजिस्टेंस?
इंसुलिन एक हार्मोन है, जो पैंक्रियाज द्वारा स्रावित होता है. इसका मुख्य काम खाने से मिलने वाले ग्लूकोज को शरीर की कोशिकाओं कर पहुंचाना है. जिससे उसे ऊर्जा में बदला जा सके, लेकिन जब कभी हमारा लाइफस्टाइल खराब हो जाता है. जैसे कि हाई शुगर इनटेक, मोटापा, स्ट्रेस और फिजिकल एक्टिविटी का कम होना शामिल है. इससे शरीर की कोशिकाएं इंसुलिन के प्रति असंवेदनशील हो जाती हैं. इसे इंसुलिन रेजिस्टेंस कहा जाता हैं. इस कंडीशन में ग्लूकोज ब्लड में जमा होने लगता है, जिससे हाई ब्लड शुगर और टाइप-2 डायबिटीज का खतरा बढ़ जाता है.
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खाली पेट खाएं ये चीजें
- मेथी दाने के पानी: मेथी दाने के रातभर भिगोकर रखें. सुबह खाली पेट पानी पीने से ग्लूकोज मेटाबॉलिज्म बेहतर होता है और इन्सुलिन की कार्यक्षमता बढ़ती है.
- भीगे बादाम: 4-5 बादाम रोजाना भिगा कर रख दें. हेल्दी फैट और मैग्नीशियम इसमें भर-भरकर होता है, जो ब्लड शुगर लेवल को स्थिर रखने में मदद करता है.
- आंवला: आंवले में मौजूद क्रोमियम इंसुलिन को प्रभावी बनाता है. साथ ही पैंक्रियाज की कार्यक्षमता को बढ़ाता है.
- दालचीनी का पानी : यह शरीर की इन्सुलिन सेंसिटिविटी को बढ़ाने में मदद करता है. साथ ही ब्लड शुगर लेवल को नियंत्रित करता है.
- कच्चा लहसुन: एक लौंग लहसुन सुबह चबाने से शरीर में सूजन कम हो जाती है. इससे इंसुलिनन की सक्रियता बढ़ाता है.
बता दें कि, इंसुलिन रेजिस्टेंस एक ऐसी कंडीशन है, लेकिन इसे समय रहते पहचान कर नियंत्रित किया जा सकता है. इसके लिए सुबह शुरुआत कुछ नेचुरल और हेल्दी चीजों से इस खतरे को कम किया जा सकता है. इसके सात एक्सरसाइज, बैलेंस्ड डाइट और स्ट्रेस फ्री लाइफ स्टाइल को अपनाना जरूरी होता है.
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