Top 5 Indian Fighter Planes: भारतीय वायु सेना की ताकत से दुनिया परिचित है. ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान को आर्थिक तौर पर नुकसान देने वाली और दुश्मन को घुटनों पर लाने वाली भारत की वायु सेना ही है. भारतीय वायु सेना ने वर्ष 2025 में ही चीन को पछाड़ते हुए विश्व की तीसरी सबसे शक्तिशाली वायुसेना का खिताब हासिल कर लिया. वर्ष 2025 WDMMA ग्लोबल एयर पावर रैंकिंग में 103 देशों को शामिल किया गया. इस सर्वे में 129 वायु सेनाओं का आकलन किया गया. रैंकिंग देते समय वायु सेना में विमानों की संख्या, ऑपरेशनल रेडीनेस समेत कई अन्य पहलू शामिल किए गए. मई, 2025 में 88 घंटे चले ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान भारतीय वायु सेना ने पाकिस्तान के कई एयरबेस तबाह कर दिए. वहीं, पाकिस्तान के रडार सिस्टम को ही जाम कर दिया.
सुखोई Su-30MKI
सुखोई Su-30MKI देश का एयर सुपीरियरिटी फाइटर है. इसे हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने बनाया है. जानकारों की मानें तो इसमें थ्रस्ट-वेक्टरिंग इंजन के बावजूद लंबी दूरी के राडार भी हैं. यह इंटीग्रेटेड ब्रह्मोस मिसाइलों से भी लैस है. Mach 2.0 तक की गति के साथ यह कई लक्ष्यों को एक साथ निशाना बना सकता है. 270 से अधिक Su-30MKI ऑपरेशनल हैं.
डसॉल्ट राफेल
राफेल डीप स्ट्राइक और एयर सुपीरियरिटी दोनों मिशन पूरा कर सकता है. राफेल बेड़े का हिस्सा हैं, जो मुख्य रूप से उत्तरी सीमाओं पर अंबाला और हाशिमारा बेस पर तैनात हैं. अन्य राफेल खरीदने की भी तैयारी चल रही है.
HAL Tejas
HAL तेजस को HAL और DRDO ने विकसित किया है. तेजस 1,850 किमी की रेंज के साथ Mach 1.6 की गति तक पहुंच सकता है. तेजस Mk1A वेरिएंट में बेहतर राडार और इलेक्ट्रॉनिक युद्ध सिस्टम है.
MiG-29 UPG
इसकी गति Mach 2.25 है. यह लंबी दूरी पर टारगेट को निशाना बना सकता है. इस एयरक्राफ्ट को पश्चिमी सीमाओं पर क्विक-रिस्पॉन्स मिशन के लिए तैनात हैं
मिराज 2000
यह Mach 2.2 से ज़्यादा की स्पीड से उड़ने में सक्षम है. अपग्रेडेड मिराज 2000 अभी भी एक्टिव सर्विस में हैं और उम्मीद है कि ये कई और सालों तक फ्रंटलाइन मल्टीरोल एयरक्राफ्ट के तौर पर काम करेंगे.

