japan time management: जापान में समय की पाबंदी सिर्फ आदत नहीं, बल्कि संस्कृति का हिस्सा मानी जाती है. यही वजह है कि वहां एक मंत्री के सिर्फ पांच मिनट देर से पहुंचने का मामला भी चर्चा का विषय बन गया. जापान की आर्थिक सुरक्षा मंत्री किमी ओनोडा का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें वह कैबिनेट मीटिंग में देरी के बाद पूरे देश से माफी मांगती नजर आ रही हैं. इस घटना ने एक बार फिर जापान की अनुशासन और जवाबदेही वाली राजनीतिक संस्कृति पर ध्यान खींचा है.
5 मिनट की देरी के लिए मांगी माफी
रिपोर्ट के मुताबिक, शुक्रवार सुबह कैबिनेट मीटिंग के लिए जाते समय मंत्री किमी ओनोडा रास्ते में अचानक हुए सड़क हादसे के कारण ट्रैफिक जाम में फंस गईं. इसी वजह से वह मीटिंग में समय पर नहीं पहुंच सकीं और करीब पांच मिनट देर हो गई.मीटिंग खत्म होने के बाद उन्होंने सार्वजनिक रूप से इस देरी के लिए पूरे देश से माफी मांगी और कहा कि भविष्य में ऐसी परिस्थितियों से बेहतर तरीके से निपटने की कोशिश करेंगी.
दौड़ते हुए पहुंची मीटिंग में
वायरल वीडियो में देखा जा सकता है कि जैसे ही मंत्री मीटिंग स्थल के पास पहुंचती हैं, वह टैक्सी से उतरकर तेजी से इमारत के अंदर दौड़ती हैं. हाथ में बैग लिए 43 वर्षीय मंत्री सीढ़ियां उतरते हुए मीटिंग रूम की ओर बढ़ती दिखाई देती हैं. उनके साथ उनका एक सहायक भी दौड़ता नजर आता है.कुछ देर बाद कैमरा मीटिंग रूम के अंदर का दृश्य दिखाता है, जहां उनकी सीट कुछ समय तक खाली नजर आती है.
पीएम के पहुंचते ही शुरू हुई मीटिंग
इसी दौरान जापान की प्रधानमंत्री साने ताकाइची भी मीटिंग रूम में पहुंचती दिखाई देती हैं. कमरे में मौजूद सभी मंत्री खड़े होकर उनका स्वागत करते हैं.मंत्री ओनोडा की सीट उस समय खाली नजर आने का दृश्य ही सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिसके बाद इस घटना पर चर्चा शुरू हो गई.
सोशल मीडिया पर मिली तारीफ
हालांकि सोशल मीडिया पर कई लोगों ने मंत्री के इस व्यवहार की सराहना की. लोगों का कहना है कि नेताओं का इस तरह अपनी जिम्मेदारी स्वीकार करना आज के दौर में कम देखने को मिलता है. एक यूजर ने लिखा कि मंत्री आमतौर पर मीटिंग में 15–20 मिनट पहले पहुंचने की आदत रखती हैं, जो उनके जिम्मेदार रवैये को दिखाता है. एक अन्य यूजर ने लिखा कि कुछ लोगों को यह ज्यादा लग सकता है, लेकिन यह जनता के भरोसे का सवाल है. जब नेता लोगों के समय का सम्मान करते हैं, तो पूरा देश उससे सीखता है.
क्यों खास है जापान का टाइम मैनेजमेंट
जापान में समय की पाबंदी को सम्मान और भरोसे की निशानी माना जाता है. वहां देर से पहुंचना अक्सर गैर-जिम्मेदार व्यवहार माना जाता है. यही वजह है कि छोटी सी देरी भी सार्वजनिक चर्चा का विषय बन जाती है.किमी ओनोडा की पांच मिनट की देरी और उसके बाद मांगी गई माफी की यह घटना अब दुनिया भर में चर्चा का विषय बन गई है और जापान की अनुशासित कार्य संस्कृति की एक और मिसाल के रूप में देखी जा रही है.

