दिन और रात का अजीब खेल, इस जगह पर कभी महीनों तक अंधेरा तो कभी हफ्तों तक उजाला

पृथ्वी 23.5 डिग्री झुकी हुई है, इसी कारण पोलर इलाकों में गर्मियों में सूरज डूबता नहीं और सर्दियों में निकलता नहीं। यही वजह है कि ट्रोम्सो इतना अलग और जादुई लगता है

Published by Anuradha Kashyap

नॉर्वे का शहर ट्रोम्सो अपने अजीब लेकिन खूबसूरत दिन और रात की साइकिल की वजह से पूरी दुनिया में फेमस है। इसे लोग लैंड ऑफ द मिडनाइट सन और ‘आर्कटिक का पेरिस’ भी कहते हैं। यहां का नजारा वाकई जादुई है – सर्दियों में नवंबर से जनवरी तक सूरज बिल्कुल नहीं निकलता और शहर काफी लंबे समय तक अंधेरे में डूबा रहता है। वहीं गर्मियों में मई से जुलाई तक सूरज डूबता ही नहीं। आधी रात को भी आसमान नीला और चारों तरफ रोशनी रहती है। 

ट्रोम्सो की सबसे बड़ी खासियत है यहां का आसमान

ट्रोम्सो की सबसे बड़ी खासियत है यहां का आसमान, सर्दियों में जब सूरज महीनों तक नहीं निकलता, तब रात के अंधेरे में आसमान पर ग्रीन, पिंक और पर्पल रोशनी चमकती है जिसको कहते हैं नॉर्दर्न लाइट्स। इसे देखने के लिए लोग दूर – दूर से आते  हैं। लंबे अंधेरे के दिनों में लोग घरों में रोशनी जलाकर रहते हैं और हेल्दी बने रहने के लिए विटामिन D लेते हैं। वहीं गर्मियों में जब सूरज डूबता ही नहीं, तो रात में सोना मुश्किल हो जाता है क्योंकि हर वक्त उजाला रहता है।

पोलर नाइट फेस्टिवल और मिडनाइट सन मैराथन जैसे खास त्योहार मनाए जाते हैं 

ट्रोम्सो के लोग इस अनोखे मौसम को भी एंजॉय करना काफी अच्छी तरह से जानते हैं। यहां हर साल पोलर नाइट फेस्टिवल और मिडनाइट सन मैराथन जैसे स्पेशल त्योहार होते हैं। यहाँ पर आकर टूरिस्ट्स काफी सारी एडवेंचर एक्टिविटीज कर सकते हैं  – जैसे व्हेल वॉचिंग, डॉग स्लेजिंग। बर्फ से ढकी इन खूबसूरत वादियों में स्लेजिंग करना या ब्लू आसमान के नीचे स्कीइंग करना सचमुच किसी फिल्मी सीन जैसा लगता है। यहां के लोग कैफे में बैठकर कॉफी पीते हैं, लोकल आर्ट और म्यूजिक का मजा लेते हैं और जिंदगी को पूरे मजे से जीते हैं। 

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पढ़ाई और रिसर्च का केंद्र

ट्रोम्सो सिर्फ घूमने की जगह नहीं है, यह पढ़ाई और रिसर्च का भी हब है। यहां की “आर्कटिक यूनिवर्सिटी” पोलर इलाकों और मौसम पर रिसर्च करती है। वैज्ञानिकों के लिए यह शहर बहुत खास है। असल में ट्रोम्सो की यह अनोखी स्थिति पृथ्वी के झुकाव की वजह से है। पृथ्वी 23.5 डिग्री झुकी हुई है, इसी कारण पोलर इलाकों में गर्मियों में सूरज डूबता नहीं और सर्दियों में निकलता नहीं। यही वजह है कि ट्रोम्सो इतना अलग और जादुई लगता है।

Disclaimer: प्रिय पाठक, हमारी यह खबर पढ़ने के लिए शुक्रिया. यह खबर आपको केवल जागरूक करने के मकसद से लिखी गई है. हमने इसको लिखने में सामान्य जानकारियों की मदद ली है. inkhabar इसकी पुष्टि नहीं करता है

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