Ajit Pawar Family: देश में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब महाराष्ट्र के बारामती इलाके में उपमुख्यमंत्री अजित पवार का विमान हादसे का शिकार हो गया. जानकारी के मुताबिक, विमान लैंडिंग के दौरान अपना संतुलन खो बैठा और हादसे का शिकार हो गया. इस दुर्घटना में अजित पवार और विमान में सवार अन्य चार लोगों की मौके पर ही मौत हो गई. हादसे के बाद विमान आग की लपटों से घिर गया. महाराष्ट्र की राजनीति में आज बुधवार, 28 जनवरी का दिन काले अध्याय के रुप में दर्ज हो चुका है. इस हादसे की खबर लगते ही हर कोई जानना चाहता है कि अजित पवार के परिवार में कौन-कौन है? उनके बेटे और बेटियां हैं?
राजनीति में बड़ा नाम
अजित पवार महाराष्ट्र की राजनीति का बड़ा नाम थे, वह बारामती सीट से विधायक थे. यह इलाका पवार परिवार का हमेशा से मजबूत गढ़ माना जाता है. उनके निधन से प्रशासन, पार्टी कार्यकर्ता और समर्थक गहरे सदमे में हैं. हर कोई उनके निधन पर शौक व्यक्त कर रहा है.
परिवार में कुल 4 सदस्य
अजित पवार के परिवार में केवल 4 सदस्य हैं. उनकी पत्नी का नाम सुनेत्रा पवार है. वह कई बार अजित पवार के साथ राजनीतिक कार्यकर्मों में नजर आ चुकी हैं. वह महाराष्ट्र के पूर्व मंत्री पद्मसिंह बाजीराव पाटिल की बहन हैं.
अजित पवार के दो बेटे
अजित पवार के दो बेटे हैं. उनके बड़े बेटे का नाम पार्थ पवार है, जिन्होंने मावल लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा था. हालांकि, उन्हें इस सीट से हार का सामना करना पड़ा था. वहीं छोटे बेटे का नाम जय पवार है, जो राजनीति से दूर रहते हैं.
परिवार में कौन-कौन है?
अजित पवार के पिता का नाम अनंतराव पवार हैं और मां का नाम आशाताई पवार था. उनके पिता मुंबई के राजकमल स्टूडियो में काम किया करतेथे. अजित पवार के दादा गोविंद पवार और दादी शारदा पवार के कुल 11 बच्चे थे.
क्या करते हैं अजित पवार के बड़े भाई?
अजित पवार के बड़ा भाई श्रीनिवास पवार हैं, वह खेती और ऑटोमोबाइल के कारोबार से जुड़े हुए हैं. अजित पवार अपने बड़े भाई की बातों और राय को काफी महत्व देते थे. उनकी बहन भी हैं, जिनका नाम विजया पाटिल है.
शरद पवार से भी है खास नाता
अजित पवार का सबसे अहम रिश्ता उनके चाचा शरद पवार से है. शरद पवार महाराष्ट्र की राजनीति के दिग्गज नेताओं में गिने जाते हैं. शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले भी एनसीपी की बड़ी नेता हैं. सुप्रिया सुले के दो बच्चे हैं, बेटी का नाम रेवती और बेटे का नाम विजया सुले हैं. अजित परिवार ने राजनीति शरद पवार से ही सीखी हैं. उन्हें उनका सबसे भरोसेमंद साथी माना जाता था. हालांकि, बाद के सालों में सियासत में गजब का राजनीतिक मोड़ देखने को मिला. अजित पवार ने अलग होकर देवेंज्र फडणवीस के साथ मिलकर सरकार बनाई और महाराष्ट्र की डिप्टी सीएम बन गए.

