High blood pressure: हाई ब्लड प्रेशर आज एक आम लेकिन गंभीर स्वास्थ्य समस्या बन चुका है. यह केवल हृदय और धमनियों को ही प्रभावित नहीं करता, बल्कि व्यक्ति के शारीरिक संबंधों पर भी असर डाल सकता है. विशेषज्ञों के अनुसार, अनियंत्रित रक्तचाप पुरुषों और महिलाओं दोनों में यौन स्वास्थ्य से जुड़ी परेशानियां पैदा कर सकता है.
कैसे प्रभावित होती है सेक्सुअल लाइफ?
हाई ब्लड प्रेशर धमनियों को संकरा और कठोर बना सकता है, जिससे शरीर के विभिन्न अंगों में रक्त प्रवाह प्रभावित होता है. पुरुषों में यह स्तंभन दोष जैसी समस्या का कारण बन सकता है, क्योंकि पर्याप्त रक्त प्रवाह न होने से सामान्य प्रतिक्रिया बाधित हो सकती है. महिलाओं में भी उत्तेजना में कमी, शुष्कता या असहजता जैसी दिक्कतें देखी जा सकती हैं. इसके अलावा, हाई ब्लड प्रेशर से जुड़ा मानसिक तनाव, चिंता और थकान भी दांपत्य जीवन पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं. कुछ मामलों में रक्तचाप नियंत्रित करने वाली दवाइयों के दुष्प्रभाव भी यौन इच्छा में कमी ला सकते हैं.
रक्त प्रवाह में कमी से बढ़ती है समस्या
हाई ब्लड प्रेशर के कारण धमनियां सख्त और संकरी हो सकती हैं. इससे शरीर के विभिन्न अंगों तक रक्त का प्रवाह प्रभावित होता है. शारीरिक संबंध के दौरान सामान्य प्रतिक्रिया के लिए पर्याप्त रक्त संचार जरूरी होता है. जब यह प्रक्रिया प्रभावित होती है, तो पुरुषों में स्तंभन संबंधी समस्या उत्पन्न हो सकती है. यह स्थिति मानसिक तनाव और रिश्तों में दूरी का कारण बन सकती है.
महिलाओं पर भी पड़ता है प्रभाव
हाई ब्लड प्रेशर केवल पुरुषों को ही नहीं, बल्कि महिलाओं को भी प्रभावित कर सकता है. महिलाओं में यौन इच्छा में कमी, उत्तेजना में कठिनाई या शारीरिक असहजता जैसी समस्याएं देखी जा सकती हैं. हार्मोनल असंतुलन और रक्त प्रवाह में कमी इसके प्रमुख कारण हो सकते हैं.
दवाइयों के दुष्प्रभाव भी हो सकते हैं कारण
कुछ मामलों में रक्तचाप नियंत्रित करने वाली दवाइयों के दुष्प्रभाव के रूप में यौन इच्छा में कमी या प्रदर्शन से जुड़ी समस्या हो सकती है. हालांकि यह हर व्यक्ति में नहीं होता, लेकिन यदि ऐसी परेशानी हो तो चिकित्सक से परामर्श लेना जरूरी है. कई बार दवा में बदलाव से स्थिति सुधर सकती है.
मानसिक तनाव भी बढ़ाता है असर
हाई ब्लड प्रेशर अक्सर तनाव, चिंता और थकान से जुड़ा होता है. मानसिक दबाव सीधे तौर पर शारीरिक संबंधों की गुणवत्ता को प्रभावित कर सकता है. आत्मविश्वास की कमी और प्रदर्शन को लेकर चिंता समस्या को और बढ़ा सकती है.
क्या हैं संकेत?
- यौन इच्छा में कमी
- प्रदर्शन को लेकर चिंता
- पुरुषों में स्तंभन संबंधी समस्या
- महिलाओं में असहजता या दर्द
- थकान और मानसिक तनाव
इन लक्षणों को नजरअंदाज करना सही नहीं है, खासकर यदि व्यक्ति पहले से हाई ब्लड प्रेशर का मरीज हो.
क्या करें
- रक्तचाप को नियंत्रण में रखें: नियमित जांच और डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवाइयों का सेवन जरूरी है.
- संतुलित आहार अपनाएं: कम नमक, कम वसा और अधिक फल-सब्जियों वाला आहार रक्तचाप नियंत्रित रखने में मदद करता है.
- नियमित व्यायाम: हल्की दौड़, तेज चाल से चलना, योग और प्राणायाम जैसे अभ्यास रक्त संचार को बेहतर बनाते हैं.
- तनाव कम करें: ध्यान, गहरी सांस लेने की तकनीक और पर्याप्त नींद मानसिक स्वास्थ्य को सुधारती है.
- खुलकर बातचीत करें: दंपति के बीच संवाद बेहद जरूरी है. समस्या को छिपाने के बजाय समझ और सहयोग के साथ समाधान ढूंढना चाहिए.
- चिकित्सकीय सलाह लें: यदि दवाइयों से दुष्प्रभाव हो रहे हों, तो डॉक्टर से परामर्श कर विकल्पों पर चर्चा करें.

