छपरा की राजनीति इस बार भी रोमांचक मोड़ लेकर आई है. भोजपुरी सुपरस्टार खेसारी लाल यादव को जनता का दिल जीतने की उम्मीद थी, लेकिन शुरुआत से ही उनका स्टारडम कम असर दिखा रहा है. बिहार चुनाव के दौरान खेसारी लाल यादव का एक बयान जमकर वायरल हुआ था जिसमे उन्होंने कहा था कि मैं जब घर पर रहता हूं, तो पत्नी चंदा को बहुत प्यार देता हूं. लेकिन जब बाहर निकलता हूं, उसका भाई बन जाता हूं. क्योंकि बहन की सुरक्षा करना हमारा फर्ज है. खेसारी अपने इस बयान को लेकर काफी ट्रोल हुए थे. शायद उनके इस विवादित बयान, इस चुनावी दंगल में उन्हें भारी पड़ता नजर आ रहा है. शुरुआती रुझान बता रहे हैं कि छपरा की जनता ने अपने फैसले की दिशा तय कर ली है और खेसारी की उम्मीदें अब सवालों के घेरे में हैं.
दूसरे दौर के आंकड़ों के अनुसार, भाजपा की छोटी कुमारी 5,840 वोटों से आगे चल रही हैं. वहीं, राजद के भोजपुरी गायक और अभिनेता शत्रुघ्न यादव उर्फ खेसारी लाल यादव को केवल 4,213 वोट मिले हैं, जो 1,627 वोटों से पीछे हैं. शुरुआती रुझान स्पष्ट रूप से छपरा सीट पर भाजपा की बढ़त का संकेत दे रहे हैं.
क्या खेसारी का स्टारडम बेअसर रहा?
छपरा सीट इस बार इसलिए भी चर्चा में रही क्योंकि राजद ने अपने उम्मीदवार को मज़बूत करने के लिए भोजपुरी इंडस्ट्री के एक प्रमुख चेहरे शत्रुघ्न यादव उर्फ़ खेसारी लाल यादव को मैदान में उतारा था.
हालांकि, शुरुआती रुझान बताते हैं कि इस बार स्टारडम मतदाताओं को प्रभावित करने में नाकाम रहा. भाजपा की छोटी कुमारी की बढ़त यह भी दर्शाती है कि स्थानीय मुद्दे और संगठनात्मक ताकत स्टार प्रचार पर भारी पड़ रही है.
गौरतलब है कि मतगणना 28 राउंड में से केवल दो राउंड तक ही पहुँच पाई है. आगे के राउंड में अंतर बढ़ेगा या भोजपुरी गायक और अभिनेता खेसारी लाल यादव वापसी करेंगे, यह तो आने वाला समय ही बताएगा. फिलहाल एक बात तो साफ है कि छपरा में भाजपा ने मजबूत शुरुआत की है.

