Categories: व्यापार

Explainer: क्या है ब्लैक फ्राइडे, क्यों मची है इसे लेकर खलबली? कैसे बना दुनिया का सबसे बड़ा शॉपिंग फेस्टिवल; समझें पूरी ABCD

What is Black Friday: ब्लैक फ्राइडे सेल चल रही है...यह आप हर जगह सुन रहे होंगे और देख रहे होंगे. लेकिन, क्या आप जानते हैं यह ब्लैक फ्राइडे क्या है और कैसे एक 'काला दिन' दुनिया का सबसे बड़ा शॉपिंग फेस्टिवल बन गया.

Published by Prachi Tandon

Black Friday Sale Meaning and Significance: ब्लैक फ्राइडे का जिक्र सुनते ही हर किसी के दिमाग में भारी-भरकम डिस्काउंट, शॉपिंग मॉल्स में भीड़ और ऑनलाइन सेल की तस्वीरें बनने लगती हैं. ब्लैक फ्राइडे सेल का क्रेज सिर्फ भारत पर नहीं, बल्कि पूरी दुनिया पर यह छाया हुआ है. ब्लैक फ्राइडे सेल हर साल नंबर के आखिरी या चौथे शुक्रवार पर आती है और इस दिन दुनियाभर के स्टोर्स से लेकर ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स अपनी तरफ खरीददारों का ध्यान खींचने के लिए डिस्काउंट और ऑफर्स देते हैं. ब्लैक फ्राइडे आता है तो हर कोई खरीददारी में इतना बिजी हो जाता है कि भूल जाता है कि आखिर इसका मतलब क्या है और कैसे एक ‘काले दिन’ को दुनिया का सबसे बड़ा शॉपिंग फेस्टिवल बना दिया गया है.

क्या है ब्लैक फ्राइडे?

ब्लैक फ्राइडे या ब्लैक फ्राइडे सेल (Black Friday Sale Significance) का कनेक्शन अमेरिका से है. दरअसल, अमेरिका में क्रिसमस से पहले थैंक्सगिविंग का त्योहार मनाने का चलन है. थैंक्सगिविंग पर दोस्तों और परिवार के लोगों के साथ स्पेशल डिनर के साथ गिफ्ट्स देने का चलन होता है. यह त्योहार नवंबर के चौथे गुरुवार को मनाया जाता है और इसके बाद से क्रिसमस की छुट्टियों की शुरुआत हो जाती है. थैंक्स गिविंग के बाद लोग क्रिसमस की तैयारियां और शॉपिंग शुरू कर देते हैं. 

कैसे ब्लैक फ्राइडे सेल की हुई शुरुआत?

थैंक्सगिविंग के बाद क्रिसमस (Christmas) की शॉपिंग शुरू हो जाती है. ऐसे में दुकानदारों ने इसे खरीददारी का सही मौका समझा और लोगों को अपनी तरफ खींचने के लिए बड़े-बड़े डिस्काउंट्स देना शुरू कर दिया. इसी तरह थैंक्स गिविंग के बाद का शुक्रवार साल का सबसे बड़ा शॉपिंग फेस्टिवल बन गया. हालांकि, यह सवाल लोगों के मन में आ सकता है कि कैसे एक शॉपिंग फेस्टिवल का नाम ब्लैक फ्राइडे बन गया.

शॉपिंग फेस्टिवल का नाम ब्लैक फ्राइडे कैसे पड़ा?

ब्लैक शब्द (Black Friday Meaning) का जब भी हम जिक्र सुनते हैं, तब दिमाग में नकारात्मक छवि बन जाती है. क्योंकि, ऐसा माना जाता है कि ब्लैक किसी प्रोटेस्ट या घटना के लिए इस्तेमाल होता है. अब शॉपिंग फेस्टिवल के लिए ब्लैक फ्राइडे शब्द का इस्तेमाल किसी को भी कंफ्यूज कर सकता है. ऐसे में क्यों शॉपिंग फेस्टिवल के लिए ब्लैक फ्राइडे का इस्तेमाल होता है यह जानना भी दिलचस्प हो सकता है. दरअसल, 1960 के दशक में फिलाडेल्फिया की पुलिस ने सबसे पहले इस शब्द का इस्तेमाल किया था. 

ऐसा माना जाता है कि 1960 के दशक में थैंक्सगिविंग के अगले दिन शहर की सड़कों, बाजारों और दुकानों के बाहर इतनी भीड़ थी कि पूरी व्यवस्था हिल गई थी. सड़कों पर ट्रैफिक होने के साथ-साथ जगह-जगह पार्किंग की समस्या भी पैदा हो गई थी. भीड़ और हर जगह अफरातफरी की वजह से पुलिस को व्यवस्था बनाने में परेशानी होने लगी थी, जिसके बाद एक पुलिस ऑफिसर ने थैंक्स गिविंग के अगले दिन को ब्लैक फ्राइडे कहा था. मौजूदा जानकारी के मुताबिक, ऐसा माना जाता है कि इसी के बाद से थैंक्स गिविंग के अगले दिन को ब्लैकफ्राइडे कहा जाने लगा. क्योंकि, यह सिर दर्द बढ़ाने वाला दिन हुआ करता था. 

ये भी पढ़ें: पैसा ही पैसा! करोड़पति बना देगी इस चीज की खेती, जानें कब और कैसे करें शुरुआत

ब्लैक फ्राइडे की इमेज कैसे सुधरी?

ब्लैक फ्राइडे (Black Friday Significance) की इमेज पहले काफी खराब थी. लेकिन, मार्केट और दुकानदारों ने इसे अपने फायदे के लिए भुनाना शुरू कर दिया. उन्होंने एक कहानी बनाई और उसे खरीददारों को बेचना शुरू  कर दिया. कहानी में कुछ ऐसा था कि दुकानदार सालभर नुकसान झेलते हैं और इस नुकसान के लिए लाल रंग का इस्तेमाल करते. वहीं, जैसे ही ब्लैक फ्राइडे आने वाला होता था तब वह प्रॉफिट में चले जाते थे और इसके लिए ब्लैक कलर का इस्तेमाल करने लगे. दुकानदारों को यह कहानी बेचने में ज्यादा मेहनत नहीं लगी और खरीददारों ने भी इसे मान लिया. यही वजह है कि ब्लैक फ्राइडे का मतलब सिर्फ बड़े डिस्काउंट्स और खूब सारी शॉपिंग बन गया है.

ब्लैक फ्राइडे सेल में क्या खास होता है?

ब्लैक फ्राइडे सेल का सबसे बड़ा अट्रैक्शन भारी-भरकर डिस्काउंट्स होते हैं. इलेक्ट्रॉनिक्स, कपड़े, जूतों से लेकर हर चीज पर दुकानदार से लेकर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर 50 से 80 प्रतिशत की छूट दी जाती है. इस सेल में सालभर MRP या थोड़े-बहुत डिस्काउंट पर मिलने वाली चीजें भी मोटे डिस्काउंट के साथ मिलने लगती हैं, जो खरीददारों के लिए स्पेशल मौका बन जाती हैं. 

Related Post

भारत में कैसे बढ़ रही है ब्लैक फ्राइडे का चलन?

भारत में दिवाली से पहले भी बड़ी सेल लगती है, जिसे ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स ट्रेंड में लाई हैं. वहीं, अब बीते कुछ सालों में ब्लैक फ्राइडे का चलन भी बढ़ गया है और इसके पीछे की वजह साफ है कि इंटरनेशनल ब्रांड्स का भारत की मार्केट में आना. इंटरनेशनल ब्रांड्स की पॉपुलैरिटी समय के साथ भारत में बढ़ रही है और यही वजह है कि ब्लैक फ्राइडे का ट्रेंड भी देखने को मिल रहा है. 

ब्लैक फ्राइडे सेल के क्या फायदे हैं?

ब्लैक फ्राइडे सेल (Black Friday Sale Discounts) में डिस्काउंट्स की वजह से प्रोडक्ट्स का रेट कम हो जाता है. जिसकी वजह से लोग कपड़ों से लेकर इलेक्ट्रॉनिक्स की खरीददारी करते हैं. इतना ही नहीं, क्रिसमस गिफ्ट्स की भी खरीददारी करना शुरू कर देते हैं. 

कौन-कौन से ऑनलाइन प्लेटफॉर्म दे रहे ब्लैक फ्राइडे पर डिस्काउंट?

ऑनलाइन शॉपिंग ने ब्लैक फ्राइडे का क्रेज अमेरिका से ग्लोबली पहुंचाने में मदद की है. ऐसे में कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स शुक्रवार से लेकर सोमवार तक, सेल चलाते हैं. इस बार भी कई ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स बड़े डिस्काउंट्स लेकर आए हैं. 

अमेजन

ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म अमेजन पर 28 नवंबर से सेल शुरू हो रही है. इससेल में 60 परसेंट तक, डिस्काउंट मिल सकता है. 

फ्लिपकार्ट

फ्लिपकार्ट ने 23 नवंबर से 28 नवंबर तक, ब्लैक फ्राइडे की सेल रखी है. 

मिंत्रा

मिंत्रा पर सेल 27 नवंबर से शुरू हो रही है और इस पर कम से कम 40 परसेंट डिस्काउंट मिल रहा है.

नायका

नायका ब्लैक फ्राइडे सेल को पिंक फ्राइडे सेल के नाम से चलाता है. पिंक फ्राइडे सेल 21 नवंबर से 27 नवंबर तक चलेगी. 

ये भी पढ़ें: Explainer: समय पर नहीं मिल रही सैलरी! इन 8 सरल बिंदुओं में समझिए दफ्तर में अपना अधिकार, नहीं तो हो सकता है आपके साथ धोखा

Prachi Tandon
Published by Prachi Tandon

Recent Posts

पाक करेगा टी20 वर्ल्ड कप को बॉयकॉट! जानें इस बार क्या है PCB की भारत न आने की साजिश?

T20 World Cup 2026: कई रिपोर्ट्स में कहा गया था कि पाकिस्तान बांग्लादेश के समर्थन…

January 19, 2026

BJP Presidents List: नितिन नबीन बनेंगे बीजेपी के अगले अध्यक्ष, यहां देखें 1980 से 2020 तक भारतीय जनता पार्टी के अध्यक्षों की लिस्ट

BJP Party Presidents: 2019 तक BJP राष्ट्रीय संसद में प्रतिनिधित्व (303 सीटें) के मामले में…

January 19, 2026

भीख नहीं मांगी, लोग खुद देते थे पैसे! करोड़पति भिखारी की हैरान कर देने वाली कहानी

Indore Rich Beggar Mangilal: मध्य प्रदेश के इंदौर में एक दिव्यांग भिखारी जो सालों से…

January 19, 2026