Himachal Pradesh Ambulance Video: हिमाचल प्रदेश की संकरी पहाड़ी सड़कों पर चल रही एक एम्बुलेंस का डैशकैम क्लिप ऑनलाइन गंभीर चिंता का विषय बन गया है, जिससे इमरजेंसी स्थितियों में नागरिक भावना, जवाबदेही और सड़क सुरक्षा पर सवाल उठ रहे हैं. X पर कई अकाउंट्स से शेयर किए गए वीडियो में दिखाया गया है कि एक संकरे पहाड़ी रास्ते पर प्राइवेट गाड़ियां गलत दिशा में चल रही हैं, जिससे एम्बुलेंस को कई बार रुकना पड़ रहा है.
जाम की वजह से इमरजेंसी सर्विस को आ रही दिक्कत
जहां मुश्किल से एक गाड़ी के निकलने की जगह है, वहां अलग-अलग राज्यों की गाड़ियां जबरदस्ती निकलती दिख रही हैं, जिससे पता चलता है कि उन्हें इस बात की कोई जल्दी या जागरूकता नहीं है कि वे एक इमरजेंसी सर्विस को रोक रहे हैं जो समय के खिलाफ दौड़ रही हो सकती है. पहाड़ी सड़कों पर, जहां विजिबिलिटी कम होती है, और एक छोटी सी गलती भी जानलेवा साबित हो सकती है, ऐसा व्यवहार और भी खतरनाक हो जाता है.
पुलिस को टैग करते हुए पोस्ट वायरल
इस बातचीत को और हवा तब मिली जब X के एक यूजर ने यह क्लिप ऑनलाइन शेयर करते हुए दिल्ली पुलिस, हिमाचल पुलिस और उत्तर प्रदेश पुलिस को टैग किया. पोस्ट में ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन करने वाली गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन नंबर लिखे थे और अधिकारियों से सख्त कार्रवाई करने की अपील की गई थी. नागरिक ने देखने वालों से भी इस मुद्दे को उठाने की अपील की ताकि इसके नतीजे इतने सख्त हों कि दूसरे लोग कानून तोड़ने से बचें.
लापरवाही से ड्राइविंग, नियमों की अनदेखी
इस वायरल वीडियो ने जल्द ही नागरिक जिम्मेदारी के बारे में एक बड़ी बहस छेड़ दी, खासकर जब बात इमरजेंसी गाड़ियों की आती है. कई यूजर्स ने बताया कि एम्बुलेंस अक्सर सिर्फ इंफ्रास्ट्रक्चर की वजह से ही नहीं, बल्कि लापरवाही से ड्राइविंग, अधीरता और नियमों की अनदेखी के कारण भी लेट होती हैं. दूसरों ने इस बात पर जोर दिया कि पहाड़ी सड़कों पर ड्राइविंग के लिए अतिरिक्त अनुशासन की जरूरत होती है, क्योंकि ऐसी सड़कों पर गलत साइड ड्राइविंग से न सिर्फ एम्बुलेंस, बल्कि यात्रियों, ड्राइवरों और पैदल चलने वालों की जान भी खतरे में पड़ जाती है.
कई कमेंट करने वालों ने घटना को डॉक्यूमेंट करने और जवाबदेही तय करने के लिए नागरिक की तारीफ की, यह कहते हुए कि जब नियम तोड़ना आम बात हो जाए तो सार्वजनिक सतर्कता बहुत जरूरी है. साथ ही, कई लोगों ने इमरजेंसी गाड़ियों को रोकने वालों के लिए सख्त कार्रवाई, भारी जुर्माना और लाइसेंस सस्पेंड करने की मांग की.
Published by Shubahm Srivastava
January 31, 2026 04:53:47 PM IST

