Benefits of stretching: स्ट्रेचिंग क्यों है फिटनेस का सबसे जरूरी हिस्सा?लचीलापन बढ़ाने और चोट से बचने का आसान तरीका
Benefits of stretching: स्ट्रेचिंग फिटनेस रूटीन का अहम हिस्सा है, जो शरीर का लचीलापन बढ़ाती है, चोटों के जोखिम को कम करती है और रक्त संचार को बेहतर बनाती है. नियमित और सही तरीके से की गई स्ट्रेचिंग मांसपेशियों की रिकवरी तेज करती है और तनाव भी कम करती है.
स्ट्रेचिंग क्यों है फिटनेस का जरूरी हिस्सा?
फिटनेस रूटीन में स्ट्रेचिंग उतनी ही जरूरी है जितना वर्कआउट. यह शरीर को एक्टिव और संतुलित रखने में मदद करती है.
बढ़ता है लचीलापन
नियमित स्ट्रेचिंग से मांसपेशियां और जोड़ों की मूवमेंट रेंज बढ़ती है. इससे शरीर ज्यादा लचीला और फुर्तीला बनता है.
चोटों से बचाव
स्ट्रेचिंग मांसपेशियों को गतिविधि के लिए तैयार करती है, जिससे खिंचाव, मोच और चोट का खतरा कम हो जाता है.
बेहतर ब्लड सर्कुलेशन
स्ट्रेचिंग के दौरान रक्त प्रवाह बढ़ता है, जिससे मांसपेशियों तक ऑक्सीजन और पोषक तत्व सही मात्रा में पहुंचते हैं.
मांसपेशियों की रिकवरी तेज
वर्कआउट के बाद स्ट्रेचिंग करने से जकड़न कम होती है और शरीर जल्दी रिकवर करता है.
तनाव और थकान में राहत
गहरी सांसों के साथ की गई स्ट्रेचिंग मानसिक तनाव को कम करती है और शरीर को रिलैक्स महसूस कराती है.
सही तरीके से कैसे करें स्ट्रेचिंग?
पहले 5–10 मिनट वार्म-अप करें, फिर धीरे-धीरे और बिना झटके के स्ट्रेच करें. दर्द होने पर तुरंत रुक जाएं.
रोज 10–15 मिनट की आदत
अगर आप फिट और एक्टिव रहना चाहते हैं, तो रोजाना 10–15 मिनट स्ट्रेचिंग को अपनी दिनचर्या का हिस्सा जरूर बनाएं.