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Threading और Waxing के बीच बढ़ रहा है कन्फ्यूजन? तो जानें इन जरूरी टिप्स के बारे में

हमारे चेहरे की खूबसूरती न केवल आंखों, होंठों या स्किन पर निर्भर करती है, बल्कि आइब्रो भी हमारे फेस का एक बहुत ही महत्वपूर्ण हिस्सा होती हैं, जो हमारे लुक को आकर्षक और शार्प बनाती हैं। यही वजह है कि आजकल महिलाएं ही नहीं, पुरुष भी अपनी आइब्रो का खास ध्यान रखते हैं।आइब्रो शेपिंग के लिए सबसे ज्यादा दो तरीके अपनाए जाते हैं  थ्रेडिंग और वैक्सिंग। हालांकि हर किसी की स्किन टाइप अलग होती है, इसलिए ये दोनों तरीके हर किसी पर सूट नहीं करते। फिर भी, आज के समय में थ्रेडिंग और वैक्सिंग दोनों ही काफी पॉपुलर हैं। चलिए जानते हैं इनकी प्रक्रिया, फायदे और नुकसान।


By: Komal Kumari | Published: August 18, 2025 5:30:08 PM IST

The advantage of threading - Photo Gallery
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थ्रेडिंग करने का फायदा

थ्रेडिंग एक पुराना तरीका है, जो सदियों से एशियाई देशों में अपनाया जा रहा है। इसमें सिर्फ धागे का इस्तेमाल होता है और बिना किसी कैमिकल या वैक्स के आइब्रो शेप की जाती है। यह तरीका उन लोगों के लिए बेहतर है जिन्हें नेचुरल और किफायती ब्यूटी सॉल्यूशन चाहिए।

वैक्सिंग आइब्रो का ट्रेंडिंग तरीका

वैक्सिंग आइब्रो शेपिंग का एक ट्रेंडिंग तरीका है। इसमें गर्म वैक्स को आइब्रो के आसपास लगाया जाता है और स्ट्रिप की मदद से बाल जड़ से खींच लिए जाते हैं। यह तरीका खासतौर पर वेस्टर्न देशों में बहुत ज्यादा उपयोग किया जाता है और अब भारत में भी काफी पसंद किया जा रहा है। वैक्सिंग से बाल ज्यादा समय तक नहीं आते और स्किन स्मूद हो जाती है। हालांकि, इसे करने के लिए प्रोफेशनल की जरूरत होती है और खर्च भी थ्रेडिंग की तुलना में ज्यादा आता है।

Precise shape through threading - Photo Gallery
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थ्रेडिंग से सटीक शेप

थ्रेडिंग का सबसे बड़ा फायदा यह है कि इससे आइब्रो को परफेक्ट और शार्प शेप दिया जा सकता है। धागे से बहुत बारीक और छोटे-छोटे बाल भी आसानी से हटाए जा सकते हैं। इस वजह से थ्रेडिंग उन लोगों के लिए बेस्ट है जो अपनी आइब्रो के हर डिटेल पर ध्यान देते हैं।

Smooth finish with waxing - Photo Gallery
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वैक्सिंग से स्मूद फिनिश

वैक्सिंग से सिर्फ आइब्रो शेप ही नहीं होती बल्कि आसपास की स्किन भी साफ और स्मूद दिखने लगती है। वैक्सिंग बालों को जड़ से खींचती है, जिससे पतले-पतले और छोटे बाल भी निकल जाते हैं। इससे चेहरा ज्यादा फ्रेश और साफ नजर आता है। यह तरीका उन लोगों के लिए अच्छा है जो स्मूद और लॉन्ग-लास्टिंग फिनिश चाहते हैं।

Pain during threading - Photo Gallery
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थ्रेडिंग के समय होने वाला दर्द

थ्रेडिंग के दौरान धागे से बाल खींचे जाते हैं, जिससे हल्का दर्द होता है। खासकर पहली बार कराने पर यह दर्द ज्यादा महसूस हो सकता है। जिनकी स्किन बहुत सेंसिटिव होती है, उन्हें थ्रेडिंग के बाद लालपन या हल्की सूजन की समस्या हो सकती है। हालांकि, यह असर कुछ ही घंटों में खत्म हो जाता है।

effect of waxing on the skin - Photo Gallery
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वैक्सिंग का स्किन पर असर

क्सिंग से बालों के साथ-साथ स्किन की ऊपरी परत भी खिंच सकती है। इससे स्किन पर रेडनेस, हल्की जलन या पिंपल्स निकलने जैसी समस्या हो सकती है। खासतौर पर जिनकी स्किन सेंसिटिव है या जिन्हें एलर्जी की समस्या है, उन्हें यह तरीका सोच-समझकर अपनाना चाहिए।

Disclaimer - Photo Gallery
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Disclaimer

प्रिय पाठक, हमारी यह खबर पढ़ने के लिए शुक्रिया. यह खबर आपको केवल जागरूक करने के मकसद से लिखी गई है. हमने इसको लिखने में सामान्य जानकारियों की मदद ली है. inkhabar इसकी पुष्टि नहीं करता है.