Categories: विदेश

World War News : हो गई भविष्यवाणी, 2027 में बजेगा तीसरे विश्व युद्ध का बिगुल…भारत का ये पड़ोसी देश शुरू करेगा जंग

World War News : रूटे ने पश्चिमी देशों से अपनी सैन्य क्षमता बढ़ाने का आग्रह किया है ताकि समय आने पर वे चीन और रूस के आक्रामक इरादों को रोक सकें और रूस को यूरोप पर हमला करने से रोक सकें।

Published by Shubahm Srivastava
World War News : नाटो प्रमुख मार्क रुटे ने हाल ही में दिए एक बयान ने दुनिया को हिलाकर रख दिया है।  मार्क रुटे ने अपने बयान में तीसरे विश्व युद्ध को लेकर गहरी चिंता जाहिर की है। उन्होंने आशंका जताते हुए अपने बयान में कहा कि, अगर यदि चीनी सेना ताइवान पर हमला करती है और रूस नाटो सदस्य देशों को निशाना बनाता है, तो इससे विश्व में युद्ध छिड़ सकता है और दुनिया में भारी तबाही मच सकती है।
मार्क रूट ने आगे कहा कि अगर चीन ताइवान पर हमला करता है तो वह रूस को नाटो देशों पर हमला करने के लिए उकसा सकता है। इस रणनीति के जरिए पश्चिमी देशों का ध्यान ताइवान से हटकर यूरोप की तरफ जाएगा, जिससे चीन को प्रशांत क्षेत्र में अपनी स्थिति मजबूत करने का मौका मिल सकता है। यह स्थिति काफी खतरनाक हो सकती है, क्योंकि अगर चीन और रूस एक साथ आक्रामक कदम उठाते हैं तो इससे परमाणु युद्ध की संभावना भी बढ़ सकती है।

पश्चिमी देशों को बढ़ानी होगी सैन्य क्षमता

रूटे ने पश्चिमी देशों से अपनी सैन्य क्षमता बढ़ाने का आग्रह किया है ताकि समय आने पर वे चीन और रूस के आक्रामक इरादों को रोक सकें और रूस को यूरोप पर हमला करने से रोक सकें। उन्होंने स्पष्ट किया कि ताइवान पर हमला करने से पहले चीन रूस से संपर्क करेगा और उसे यूरोप पर हमला करने के लिए उकसाएगा, ताकि पश्चिम का ध्यान एशिया से हटकर यूरोप की ओर लगाया जा सके।

चीन 2027 तक ताइवान पर हमला करेगा!

रूटे के बयान में चीन और रूस के बीच संभावित मिलीभगत की बात कही गई है। दरअसल, अमेरिका और ताइवान के अधिकारियों का अनुमान है कि चीन 2027 तक ताइवान पर हमला कर सकता है। चीनी सेना लगातार ताइवान के आसपास सैन्य अभ्यास कर रही है और चीनी नेतृत्व ने कई बार साफ किया है कि वह ताइवान को अपना हिस्सा मानता है।

रूटे के बयान पर रूस की प्रतिक्रिया

रूस के पूर्व राष्ट्रपति दिमित्री मेदवेदेव ने रूटे के बयान को बेतुका और हास्यास्पद बताया। उन्होंने चुटकी लेते हुए कहा, “ऐसा लगता है कि रूटे ने बहुत ज़्यादा मशरूम खा लिए हैं।” मेदवेदेव ने रूटे के बयान को पूरी तरह से काल्पनिक बताया और कहा कि इसमें कोई ठोस तथ्य नहीं है। उन्होंने कहा कि यह बयान पश्चिमी मीडिया द्वारा बनाई गई एक और सनसनी है और रूटे को अपनी सोच पर पुनर्विचार करना चाहिए।
Shubahm Srivastava
Published by Shubahm Srivastava

Recent Posts

CBSE Guidelines: सीबीएससी का निर्देश, स्कूलों में मेंस्ट्रुअल हाइजीन पर नियम लागू, सुप्रीम कोर्ट हुआ सख्त

CBSE Guidelines: सीबीएससी के निर्देशों के बाद स्कूलों में मेंस्ट्रुअल हाइजीन मैनेजमेंट (MHM) को अनिवार्य…

March 22, 2026

Apply learning license online: घर बैठे बनाएं लर्निंग लाइसेंस, RTO जाने की अब नहीं जरूरत!

Learning Driving License: लर्निंग लाइसेंस आपको ट्रैफिक नियमों की समझ के साथ सुरक्षित तरीके से…

March 22, 2026

SSC CGL vs CHSL: सैलरी और ग्रोथ में कौन है आगे; क्या रहेगा सही ऑप्शन?

SSC CGL vs SSC CHSL: SSC CGL के लिए ग्रेजुएशन अनिवार्य है, जबकि SSC CHSL…

March 22, 2026

Triumph 400 vs Classic 350: स्टाइल, माइलेज या पावर…कौन है डेली राइडर्स के लिए बेस्ट चॉइस?

best 350cc bikes India: डेली राइडिंग के लिहाज से माइलेज एक अहम फैक्टर है. Classic…

March 22, 2026