Vikrant Massey Birthday Special: कभी कॉफी शॉप में किया काम, आज हैं बॉलीवुड स्टार, जानिए संघर्ष से सफलता की कहानी
विक्रांत मैसी मना रहे हैं 38वां बर्थडे
अभिनेता विक्रांत मैसी आज अपना जन्मदिन मना रहे हैं. विक्रांत के जीवन की कहानी हर किसी के लिए प्रेरणा है. उन्होंने बिना किसी फिल्मी बैकग्राउंड के अपने दम पर इंडस्ट्री में पहचान बनाई और आज वे दर्शकों के पसंदीदा अभिनेताओं में शामिल हैं.
छोटी उम्र में जिम्मेदारी
विक्रांत ने महज 10वीं कक्षा में ही काम करना शुरू कर दिया था. उन्होंने शियामक दावर की डांस टीम के साथ काम करते हुए अपने करियर की शुरुआत की, जहां उन्होंने दो साल तक कड़ी मेहनत की.
कॉफी शॉप में किया काम
अपने शुरुआती दिनों में उन्होंने वर्सोवा की एक कॉफी शॉप में भी काम किया. यह दौर उनके लिए काफी चुनौतीपूर्ण था, लेकिन उन्होंने कभी हार नहीं मानी और लगातार आगे बढ़ते रहे.
टीवी से मिली पहचान
2007 में ‘धूम मचाओ धूम’ से अभिनय की शुरुआत करने के बाद उन्होंने ‘बालिका वधू’, ‘गुमराह: एंड ऑफ इनोसेंस’ और ‘कुबूल है’ जैसे लोकप्रिय टीवी शोज में काम किया, जिससे उन्हें घर-घर में पहचान मिली.
बॉलीवुड में एंट्री
विक्रांत मैसी ने विक्रमादित्य मोटवाने की फिल्म ‘लुटेरा’ से बॉलीवुड में कदम रखा. इस फिल्म में रणवीर सिंह और सोनाक्षी सिन्हा के साथ उनकी मौजूदगी ने उन्हें इंडस्ट्री में नई पहचान दिलाई.
शानदार अभिनय का सफर
‘दिल धड़कने दो’ में सहायक भूमिका हो या ‘अ डेथ इन द गुंज’ में लीड किरदार, विक्रांत ने हर बार अपने अभिनय से दर्शकों और समीक्षकों को प्रभावित किया.
12वीं फेल से बड़ी पहचान
‘12वीं फेल’ में उन्होंने मनोज कुमार शर्मा का किरदार निभाया, जो गरीबी से निकलकर आईपीएस अधिकारी बनता है. इस दमदार अभिनय के लिए उन्हें फिल्मफेयर क्रिटिक्स अवॉर्ड से भी सम्मानित किया गया.
गंभीर और दमदार किरदार
‘साबरमती रिपोर्ट’ और ‘सेक्टर 36’ जैसी फिल्मों में उन्होंने जटिल और गंभीर किरदार निभाकर अपनी एक्टिंग रेंज साबित की और दर्शकों का भरोसा जीता.
एक प्रेरणादायक कहानी
विक्रांत मैसी का सफर यह सिखाता है कि मेहनत, धैर्य और लगन से कोई भी इंसान अपने सपनों को हकीकत में बदल सकता है. उनका जीवन युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा है.