US Weather News Update: एक ओर जहां मॉनसून 2026 के एक्टिव होने के बाद भारत में गर्मी से राहत मिलने का सिलसिला शुरू हो गया है जबकि अमेरिका के अलावा ब्रिटेन और जर्मनी समेत यूरोप के करीब-करीब सभी देशों में गर्मी से करोड़ों लोगों की बुरा हाल है. आलम यह है कि ब्रिटेन से लोगों की मौत की खबरें सामने आ रही हैं. इस बीच मौसम वैज्ञानिकों ने अमेरिका के ‘रिंग ऑफ़ फायर’ में आने वाले पांच शहरों के बारे में बताया है. बताया जा रहा है कि हीट डोम लाखों लोगों के लिए बुधवार (30 जून, 2026) को गंभीर मौसम का खतरा पैदा हो सकता है.
भीषण गर्मी के मद्देनजर अमेरिका के लाखों लोगों को चेतावनी दी गई है कि वे ‘रिंग ऑफ़ फायर’ के संभावित मौसम पैटर्न के लिए तैयार रहें, क्योंकि US के कुछ हिस्सों में एक शक्तिशाली हीट डोम बन रहा है. मौसम वैज्ञानिकों ने कहा कि तूफान का कॉरिडोर सोमवार से ही बनना शुरू हो गया है, जो पूरे सप्ताह पूर्व की ओर बढ़ने से पहले हाई प्रेशर के फैलते हुए डोम के उत्तरी किनारे पर बनेगा.
एक्यूवेदर के सीनियर मौसम वैज्ञानिक चैड मेरिल ने डेली मेल को बताया कि रिंग ऑफ़ फायर का मतलब है हाई प्रेशर के आसपास अस्थिरता का वह आर्क जिसमें आंधी-तूफान आने का सबसे अच्छा मौका होता है. भीषण गर्मी के बीच डेट्रॉइट, फिलाडेल्फिया, वाशिंगटन DC, रिचमंड, वर्जीनिया और न्यूयॉर्क शहर को टारगेट करने की उम्मीद है, जहां रहने वालों को तेज आंधी-तूफानों के झुंड का सामना करना पड़ सकता है जो नुकसान पहुंचाने वाली हवाएं पैदा कर सकते हैं. यह खतरा गुरुवार (2 जुलाई, 2026) तक नॉर्थईस्ट और मिड-अटलांटिक पहुंचने से पहले अपर मिडवेस्ट से ग्रेट लेक्स में चला जाएगा.
अगले सप्ताह भी बढ़ेगी दिक्कत
यह अस्थिर तूफान तब सामने आएगा जब लाखों लोग बढ़ते हीट डोम के नीचे खतरनाक गर्मी और नमी झेलेंगे, जिससे बहुत ज़्यादा तापमान और खतरनाक मौसम का मेल बनेगा. उम्मीद है कि हीट डोम रविवार से बनना शुरू होगा, फिर अगले हफ्ते की शुरुआत में मज़बूत होगा और मिडवेस्ट में उत्तर की ओर फैलेगा. मेरिल ने कहा, ‘आमतौर पर, इन हीट डोम के नीचे, हवा का सर्कुलेशन बहुत कम होता है. प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोगों से मौसम का ध्यान रखने, दिन के सबसे गर्म समय में ज़्यादा मेहनत वाली बाहरी एक्टिविटी कम करने और तेज़ी से बदलते हालात के लिए तैयार रहने की अपील की जा रही है.
जानें ‘रिंग ऑफ़ फायर’ के बारे में
यहां पर बता दें कि रिंग ऑफ फायर (Ring of Fire) प्रशांत महासागर के चारों ओर स्थित एक घोड़े की नाल (U-आकार) के आकार की बेल्ट है. मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक, यह क्षेत्र विश्व का करीब 75 प्रतिशत सक्रिय ज्वालामुखियों (लगभग 450) और 90 प्रतिशत भूकंपों का केंद्र है. यह घटना, जिसे ‘रिंग ऑफ़ फायर’ के नाम से जानी जाती है. एक हीट डोम के उत्तरी किनारे पर बनती है. यहां पर ठंडी हवा तेज़ गर्मी से टकराती है, जिससे तेज़ आंधी-तूफ़ान के लिए एकदम सही माहौल बनता है.
अभी और बढ़ेंगी मुसीबतें
मौसम वैज्ञानिक ने बताया कि रिंग ऑफ़ फायर कोई अकेला तूफ़ान नहीं है, बल्कि यह एटमोस्फेरिक अस्थिरता का एक आर्क है जो एक मज़बूत हाई-प्रेशर सिस्टम के बाहरी किनारे के चारों ओर बनता है. जैसे-जैसे हीट डोम के सेंटर के नीचे तापमान बढ़ता है, उत्तर की ओर ठंडी हवा तापमान में तेज़ अंतर पैदा करती है. दरअसल,’रिंग ऑफ़ फायर’ नाम की यह घटना, हीट डोम के उत्तरी किनारे पर होती है, जहां ठंडी हवा तेज़ गर्मी से टकराती है, जिससे तेज़ आंधी-तूफ़ान के लिए एकदम सही माहौल बनता है.
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