
बांदा, यूपी- 48°C डेटासेट की जानकारी के मुताबिक, बांदा बुंदेलखंड में आता है जहां जलवायु अर्ध-शुष्क और कम वर्षा वाली है. यहां लू वाली लंबी गर्मियां पड़ती हैं
खजुराहो, एमपी- 47.4°C UNESCO वर्ल्ड हेरिटेड साइट खजुराहो में जमीन पथरीली और कम नमी वाली है जिसके चलते यहां गर्मी का प्रभाव दूसरे शहरों से ज्यादा रहता है
वर्धा, महाराष्ट्र- 47.1°C विदर्भ का ये एरिया समुद्र तट से दूर है जहां जल निकाय भी कम प्रभावी है, ये इलाका कृषि प्रधान होने के कारण सूरज की गर्मी ज्यादा एब्जॉर्व करता है
रोहतक, हरयाणा- 46.9°C ये शहर मौदानी इलाके से घिरा है जहां गर्मी एक समान वितरित होती है, ये एरिया पूरी तरह से कृषि प्रधान है लेकिन महाद्वीपीय विशेषताओं के कारण ज्यादा गर्म रहता है
नागपुर, महाराष्ट्र-46.6°C विदर्भ में बसे शहर नागपुर में भी समंदर की ठंडी हवाएं नहीं पहुंच पाती जिससे तापमान बढ़ता है आर्द्रता के कारण बादल कम बनते हैं और कम बरसते हैं
नौगांव, एमपी- 46.6°C बुंदेलखंड का वो इलाका जो शुष्क होने के कारण वनस्पतियां भी नहीं उगा पाता, यही वजह है कि दिन के समय जमीन लगातार गर्म होती रहती है
श्री गंगानगर, राजस्थान- 46.5°C ये शहर रेगिस्तानी जलवायु का प्रतिबिंब है जहां तापमान में तेजी से उतार-चढ़ाव होता है, शुष्क हवा के कारण जमीन लगातार गर्मी के दबाव में रहती है
अमरावती, महाराष्ट्र- 46.4°C विदर्भ के अमरावती में खेती की जमीन ज्यादा है जो सूरज की सीधी किरणों के कारण गर्मी सोख लेती है यहां दिन में गर्म लू चलती हैं जो सारी नमी सोख लेती है