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Ayodhya Ram Mandir Security: राम मंदिर में दान चोरी होने का सवाल ही नहीं, उठाए गए 6 बड़े कदम

Ayodhya Ram Mandir Security: राम मंदिर दान चोरी से सबक लेते हुए श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने कई सुरक्षा इंतजाम किए हैं.

By: JP Yadav | Published: July 8, 2026 1:23:00 PM IST



Ayodhya Ram Mandir Security: अयोध्या (उत्तर प्रदेश) में निर्माणाधीन राम मंदिर में दान चोरी मामले में विवाद और आरोप-प्रत्यारोप जारी है. विशेष जांच दल (Special Investigation Team) लगातार जांच दौरान नए-नए और चौंकाने वाले खुलासे कर रही है. इस बीच श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने अयोध्या राम मंदिर में दान और चढ़ावा को लेकर सुरक्षा के नए इंतजाम किए हैं. ताजा कड़ी में ट्रस्ट की ओर से कार्यकारी महासचिव कृष्ण मोहन के दो सहयोगी नियुक्त किए गए हैं. 

बताया गया है कि बैंक खातों का संचालन कृष्ण मोहन, जगदीश और चंदन राय मिलकर करेंगे.यह भी जानकारी दी गई है कि अब बैंक के किसी भी ट्रांजैक्शन पर तीनों के सिग्नेचर अनिवार्य रहेंगे. अभी तक राम मंदिर में यह व्यवस्था अनिल मिश्रा देखते थे और उन्हीं के ही सिग्नेचर होते थे. सिर्फ डिजिटल साइन गोविंद गिरी के इस्तेमाल में आते थे. अब गणनास्थल पर टोटल 43 लोग मौजूद रहेंगे. 

लगाए जाएंगे 13 कैमरे

सुरक्षा और निगरानी के लिए ट्रस्ट की ओर से 13 कैमरे सीसीटीवी के अतिरिक्त लगाए गए हैं. जो जगह रिक्त थी वहां पर अतिरिक्त कैमरे लगा दिए गए हैं. इसके अलावा दान पेटी से गणना स्थल तक आने में करीब 27 सुरक्षा कर्मियों की ड्यूटी लगाई गई है और यह सुरक्षाकर्मी SIS के ही होंगे. इसके अलावा पुलिस की जो ड्यूटी होगी वह दान पेटी और गणनास्थल के बीच में अलग-अलग खंभों के पास लगाई जाएगी. पिलर नंबर 34 के पास अतिरिक्त 3 पुलिसकर्मी लगाए जाएंगे. 

नए नियमों का पालन नहीं करना होगा यात्रियों को

श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट ने अयोध्या राम मंदिर में दान और चढ़ावे की गिनती करने वाले कर्मचारियों के लिए एक नया नियम लागू किया है, जो अब पूरी तरह से प्रभावी हो चुका है. इस नियम को नो पॉकेट ड्रेस कोड कहा जा रहा है. नया ड्रेस कोड राम मंदिर आने वाले तीर्थ यात्रियों या फिर पर्यटकों के लिए नहीं है.

कौन करेंगे नियमों का पालन

बताया जा रहा है कि यह नियम सिर्फ उन बैंकों और आउटसोर्स एजेंसी के कर्मचारियों पर लागू होता है जो दान में मिले कैश, गहनों और दूसरी कीमती सामानों की गिनती के लिए जिम्मेदार हैं. सिर्फ गिनती की प्रक्रिया से सीधे जुड़े कर्मचारियों को ही इन नए नियमों का पालन करना होगा.

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