नई दिल्ली: सरकारी की चेतावनी के बाद फेसबुक की स्वामित्व वाले व्हाट्सऐप ने फर्जी न्यूज-वीडियो पर शिकंजा कसने और इंस्टेंट मैसेजिंग ऐप का गलत इस्तेमाल रोकने के मकसद से कमर कस ली है. कंपनी ने ऐलान किया है कि जो भी फर्जी खबरें रोकने के उपाय सुझाएगा उस व्यक्ति को 50 हजार डॉलर (लगभग 35 लाख रुपए) दिए जाएंगे. व्हाट्सएप रिसर्च अवार्ड्स फॉर सोशल साइंस एंड मिसइनफॉरमेशन नाम से अभियान की शुरुआत की गई है. 06 जुलाई 2018 को व्हाट्सऐप ने एक बयान में कहा था कि जो भी व्यक्ति प्लेटफॉर्म पर दुष्प्रचार वाली खबरों का अध्ययन कर उनमें कमी लाने के तरीके बताएगा, उसे ये राशि दी जाएगी.

जिस व्यक्ति के सुझाव को कंपनी पसंद करेगी उसे राशि देने के बाद उस उपाय को सॉफ्टवेयर तैयार करने में लग जाएगी. इसके बाद व्हाट्सऐप उस व्यक्ति के सुझाव को व्हाट्सऐप, पॉलिसी कम्यूनिटी, फेसबुक और सॉफ्टवेयर विशेषज्ञों के साथ शेयर किया जाएगा. आप लोगों की जानकारी के लिए बता दें कि व्हाट्सऐप उन लोगों को प्राथमिकता देगा जहां जिस देश में ऐप काफी लोकप्रिय है. इनमें भारत, ब्राजील, इंडोनेशिया और मैक्सिको जैसे देश के शौधकर्ता शामिल हैं. अगर आप व्हाट्सऐप के इस अभियान में रुचि रखते हैं तो गौर कीजिए, कि आपको 12 अगस्त 2018 से पहले आवेदन करना होगा और 14 सितंबर को संभावित उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की जाएगी.

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