भोपाल. मध्य प्रदेश चुनाव 2018 में जीत हासिल कर राहुल गांधी की कांग्रेस ने सूबे की कमान कमलनाथ को सौंपी है. सोमवार को मुख्यमंत्री की शपथ लेकर कमलनाथ ने सबसे पहले किसानों की कर्जमाफी फाइल पर साइन कर राज्य के किसानों के ऊपर बैंकों का बकाया 56 हजार करोड़ रुपए का कर्जा माफ कर दिया है. इससे पहले मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कांग्रेस की जीत के बाद कहा था कि नई सरकार सभी किसानों का कर्जा माफ करे जो उन्होंने चुनाव के दौरान वादा किया था.

गौरतलब है कि मध्य प्रदेश मंदसौर में चुनाव प्रचार के दौरान कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने राज्य के किसानों से वादा किया था कि वे सरकार बनते ही 10 दिनों के अंदर सभी किसानों पर बकाया कर्जा माफ कर देंगे. अगर उनका मुख्यमंत्री 10 के दिन अंदर कर्जा माफ कर नहीं दिखाता है तो 11वें दिन सीएम को ही बदल दिया जाएगा. अब राहुल गांधी के किए किसानों की कर्जमाफी के वादे के अनुसार, मध्य प्रदेश के नए मुखिया कमलनाथ ने मुख्यमंत्री पद की शपथ लेते ही सबसे पहले किसानों की कर्जमाफी की फाइल पर साइन किया है. साथ ही चुनावी प्रचार के दौरान किसानों से किए गए राहुल गांधी के वादे को पूरा किया है.  

जरूरी बात है कि कमलनाथ ने सीएम बनते ही किसानों का 56 हजार करोड़ का कर्जा तो माफ कर दिया लेकिन अब इसका असर राज्य सरकार की आर्थिक हालत पर क्या पड़ेगा, यह आगे देखा जाएगा. वहीं शनिवार को राफेल मामले पर प्रेस कॉन्फ्रेंस कर राहुल गांधी ने सिर्फ मध्य प्रदेश ही नहीं बल्कि छत्तीसगढ़ और राजस्थान के किसानों का कर्जा माफ करने का ऐलान किया था. बता दें कि 11 दिसंबर को 5 राज्यों के विधानसभा चुनावों के नतीजे सामने आए थे जिसमें कांग्रेस पार्टी ने भाजपा को धूल चटाते हुए मध्य प्रदेश, राजस्थान और छत्तीसगढ़ में सरकार बनाई. 

Rahul Gandhi Promise waive off Farmers Loan in MP: राहुल गांधी बोले- एमपी में कांग्रेस सरकार 10 दिन में किसानों का कर्ज माफ करेगी, टाल-मटोल करने वाला सीएम नहीं रहेगा

Rahul Gandhi on Farmers Loan: मुख्यमंत्रियों के शपथ ग्रहण से पहले कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी का ऐलान- राजस्थान, मध्य प्रदेश और छत्तीसगढ़ में होगा किसानों का कर्जा माफ