व्हाट्स ऐप ने अपने यूज़र्स की जानकारी फेसबुक के साथ सांझा करने वाली पॉलिसी पर हाई कोर्ट में सफाई दी है. दरअसल हाईकोर्ट में व्हाट्स ऐप की डेटा शेयरिंग पॉलिसी के खिलाफ जनहित याचिका दाखिल की गयी थी.
 
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इसके बाद दिल्ली हाईकोर्ट ने व्हाट्स ऐप से उसकी इस पॉलिसी पर जवाब मांगा था. हाई कोर्ट ने पूछा था कि व्हाट्स ऐप अपने यूज़र्स के निजी डेटा के साथ क्या करने वाली है? बता दें कि इस बारे में फेसबुक और व्हाट्सऐप ने बताया था कि अब वह एक दूसरे से अपना डेटा शेयर करेंगे.
 
इसके पीछे की वजह बताते हुए व्हाट्स ऐप ने कहा था कि इस से यूजर को बेहतर फ्रेंड सजेशन और विज्ञापन दिखाने में आसानी होगी. इस बारे में आज हाई कोर्ट में व्हाट्स ऐप के वकील ने सफाई दी कि व्हाट्सऐप के पास उसके यूज़र्स के फोन नम्बर के अलावा निजी कोई जानकारी मौजूद नहीं है. ऐसे में यूज़र्स की निजी जानकारी शेयर करने का सवाल ही नहीं उठता.