बरेली. आगरा के सेंट्रल जेल से उठी उम्रकैद के कैदियों की रिहाई की मांग की आग बरेली सेंट्रल जेल तक पहुंच चुकी है. यहां के करीब 500 कैदियों ने बुजुर्ग और सजा पूरी कर चुके कैदियों की रिहाई की मांग की है. इनके भूख हड़ताल पर बैठने से जेल प्रशासन में खलबली मच गई है. 
 
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अफसरों ने कैदियों को समझाने की नाकाम कोशिश की. बता दें कि कुछ नियमों के तहत प्रदेश सरकार के आदेश जारी करने पर 14 साल तक सजा काट चुके उम्रकैदियों को 26 जनवरी और 15 अगस्त पर रिहा कर दिया जाता है. मगर एक याचिका पर निर्णय सुनाते हुए सुप्रीम कोर्ट ने उम्रकैदियों की एक साथ रिहाई पर रोक लगा दी है जिस वजह से पिछले करीब आठ सालों से यूपी की जेलों से किसी भी राष्ट्रीय पर्व पर उम्रकैदियों की रिहाई नहीं की गई है. 
 
बता दें की कैदियों के भूख हड़ताल की आग आगरा के सेंट्रल जेल से शुरु हुई. सोमवार से वहां 2,000 से ज्यादा कैदी भूख हड़ताल पर बैठे हैं. शुक्रवार को उनकी ये हड़ताल लगातार छठे दिन भी जारी रही. इन कैदियों की भी मांग है कि 14 साल की सजा पूरी कर चुके कैदियों को तत्काल रिहा किया जाए.