यह मामला तब शुरू हुआ जब भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) ने दिल्ली हाई कोर्ट के उस आदेश को चुनौती दी, जिसमें विनेश फोगाट को एशियन गेम्स के चयन ट्रायल में भाग लेने की अनुमति दी गई थी. हाई कोर्ट ने अपने आदेश में कहा था कि खिलाड़ी को ट्रायल से बाहर रखना उचित नहीं है, खासकर तब जब वह वापसी कर रही हों और चयन प्रक्रिया में भाग लेने की पात्रता रखती हों.
ट्रायल पर उठे थे सवाल
WFI की याचिका के बाद मामला सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, जहां महासंघ ने दलील दी कि चयन प्रक्रिया नियमों के अनुसार होनी चाहिए और ट्रायल में भागीदारी पर सवाल उठाए. हालांकि सुनवाई के दौरान सुप्रीम कोर्ट ने फिलहाल WFI की रोक को स्वीकार नहीं किया और विनेश फोगाट को ट्रायल में भाग लेने की अनुमति बरकरार रखी.