नई दिल्ली. इंडोनेशिया में आयोजित होने वाले 18वें एशियन खेलों में भारत को मुक्केबाजी में पदक की उम्मीदें है. भारत की तरफ से मुक्केबाजों की जमात में शिव थापा भी शामिल हैं. 18वें एशियाई खेलों का आयोजन इंडोनेशिया के शहर जकार्ता और पामेमबांग में 18 अगस्त से 2 सितंबर तक होगा.

शिव थापा 18वें एशियाई खेलों में 60 किग्रा वर्ग में अपनी चुनौती पेश करेंगे. 24 वर्षीय शिव थापा भारत के सबसे युवा मुक्केबाज हैं. उन्होंने 2012 लंदन ओलंपिक खेलों में 56 किग्रा वर्ग में क्वालीफाई किया था. लंदन ओलंपिक में शिव थापा कुछ खास नहीं कर पाए और उन्हें पहले की राउंड में हार का सामना करना पड़ा.

साल 2013 में जॉर्डन में आयोजित एशियन कॉन्फेडरेशन बॉक्सिंग चैंपियनशिप में शिव थापा ने गोल्ड मेडल जीता था. उस समय वह भारत के सबसे कम उम्र के मुक्केबाज थे. शिव थापा भारत के पहले ऐसे मुक्केबाज हैं जिन्हें वर्ल्ड सीरीज ऑफ बॉक्सिंग में कॉन्ट्रैक्ट मिला और बेंटमवेट कैटेगरी में उनकी तीसरी रैंक है. 2012 लंदन ओलंपिक के बाद शिव थापा ने अपने फैंस को लगातार प्रभावित किया है. 2016 रियो ओलंपिक में शिव थापा पुरुषों के 56 किग्रा वर्ग में क्वालीफाई किया था.

एशियन खेलों में शिव थापा अभी तक सफल नहीं हुए हैं. 2014 के इंचियोन एशियाई खेलों में 56 किग्रा वर्ग वह 7वें स्थान पर रहे. इंडोनेशिया में स्वर्ण पदक जीतने के लिए उन्हें सब कुछ झोंकना होगा. इस 24 वर्षीय उद्दीयमान बॉक्सर का जन्म 8 दिसंबर 1993 को असम के गुवाहाटी में हुआ था. उनके पिता पदम थापा नेपाली मूल के हैं. उनके छोटे भाई गोविंद थापा असम स्टेट लेवल पर पदक जीत चुके हैं.

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