नई दिल्ली. एशियन गेम्स में रेसलिंग में ब्रॉन्ज मेडल जीतने वाली पहलवान दिव्या काकरान ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को आड़े हाथों लिया. दिल्ली में अरविंद केजरीवाल ने एशियन खेलों में मेडल जीतकर आए खिलाड़ियों से मुकालात की. 18वें एशियाई गेम्स में पदक जीतकर लौटी महिला पहलवान दिव्या काकरान ने मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल से मुलाकात के दौरान सरकार के प्रति अपनी नाराजगी जाहिर की. एशियाई खेलों में देश को पदक दिलाने के बाद से दिल्ली सरकार ने दिव्या काकरान को सम्मानित करने का ऐलान कर दिया था.

दिव्या काकरान ने कहा कि मैंने कॉमनवेल्थ में जब स्वर्ण पदक जीता तब भी आपने मुलाकात के लिए बुलाया था. उस समय मैंने कहा था कि एशियन गेम्स की तैयारी के लिए कुछ चाहिए. मैंने लिखकर दिया था लेकिन मेरा फोन भी नहीं उठाया गया. उन्होंने कहा कि मुझे जब कॉमनवेल्थ में गोल्ड मिला तब मेरे लिए कुछ नहीं किया गया. मुख्यमंत्री से कहा गरीब बच्चों के बारे में कुछ सोचिए. जिस समय सबसे ज्यादा आवश्यकता रहती है उस समय हमारी मदद कोई नहीं करता है.

दिव्या ने कहा कि अगर उन्हें सरकारी सुविधा मिली होती तो वो आज गोल्ड ला सकती थीं. दिव्या ने कहा कि हरियाणा में देखिए खिलाड़ियों को कितनी सपॉर्ट है. वहां 3 करोड़ मिलते हैं और यहां 20 लाख. हरियाणा में कहते हैं घी दूध है. घी दूध दिल्ली में भी है लेकिन यहां सपॉर्ट नहीं है. दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने कहा कि वह कई पॉलीसी पर काम कर रहे हैं जिसका असर जल्द ही दिखने लगेगा.

इंडोनेशिया की राजधानी जकार्ता और पालेमबांग में हुए 18वें एशियाई खेलों में कुश्ती में दिव्या काकरान ने महिलाओं के 68 किग्रा भार वर्ग में कांस्य पदक जीता. टेक्निकल सुपेरिओरिटी के आधार पर दिव्या काकरान ने केवल 1 मिनट 29 सेकंड में चीनी पहलवान को हराकर बॉन्ज मेडल अपने नाम किया था.

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