7 साल का मासूम प्रद्युम्न तो आपको याद ही होगा. जी हां, वही प्रद्युम्न जिसकी गुरुग्राम के रायन स्कूल के बाथरूम में बेरहमी से हत्या कर दी गई थी. प्रद्युम्न की मौत ने हिंदुस्तान के हर मां-बाप कि दिल दहला दिया था. लेकिन आज एक और प्रद्युम्न अस्पताल में ज़िंदगी से लड़ रहा है. उसके साथ वही हुआ जो आज से ठीक चार महीने पहले प्रद्युम्न के साथ हुआ था. पहली क्लास में पढने वाले इस बच्चे पर उसी के स्कूल में चाकू से हमला किया गया और जख्मी बच्चा कहता है कि स्कर्टवाली दीदी ने उसे मारा है.

कहते हैं कि हर वारदात समाज को सबक देती है. लेकिन इस मामले को देखकर ऐसा नहीं लगता, क्योंकि स्कूल प्रबंधन ने रेयान इंटरनेशनल स्कूल में हुई वारदात से कोई सबक लिया होता. तो रितिक के साथ स्कूल में ऐसी वारदात ना होती. दरअसल प्रद्युम्न मर्डर केस और रितिक पर हुए हमले में कई समानताएं हैं. इसीलिए रायन की तरह इस स्कूल की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं.

प्रद्युम्न मर्डर केस के बाद इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं. जब किसी स्टूडेंट ने हिंसक होकर अपने साथी पर या फिर टीचर पर हमला कर दिया. कुछ वक्त पहले हरियाणा के बहादुरगढ़ में एक छात्र ने टीचर पर धारदार हथियार से जानलेवा हमला किया था और इसकी वजह बस इतनी थी कि मैथ के एग्जाम में कम नंबर आने की वजह से छात्र घबराया हुआ था उसे डर था कि पेरेंट्स के सामने उसकी शिकायत होगी.

चंद रोज़ पहले नोएडा में एक नाबालिग बच्चे ने अपनी मां और बहन की बैट से पीटकर हत्या कर दी थी. दरअसल ऐसे कई मामले हालियों दिनो में सामने आए हैं जिनसे पता चलता है कि स्कूली बच्चों में हिंसक प्रवृति बहुत तेजी से बढ रही है. लेकिन सवाल है कि ऐसा होता क्यों है, कैसे कोई बच्चा इतना हिंसक हो जाता है.. वीडियो में देखें पूरा शो…

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