नई दिल्ली. उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में मां-बेटी से गैंगरेप हुआ और इसकी गूंज पूरे देश में सुनाई दी. हर तरफ आरोपियों की गिरफ्तारी को लेकर आवाज उठी. लिहाजा सूबे के सीएम अखिलेश यादव ने पुलिस महकमें को 24 घंटे का अल्टीमेटम दिया. 7 पुलिस अफसरों समेत पूरे थाने को सस्पेंड कर दिया गया, लेकिन नतीजा ये कि पुलिस 72 घंटे बीतने के बाद सिर्फ तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर सकी.
 
इनख़बर से जुड़ें | एंड्रॉएड ऐप्प | फेसबुक | ट्विटर
 
आखिर सीएम साहब के 24 घंटे के दावों का क्या हुआ. क्या पुलिस महकमें को सीएम के अल्टीमेटम की कोई परवाह नहीं और बड़ा सवाल की बाकी के गुनहगार कहां है.
 
सीएम के 24 घंटे वाले अल्टीमेटम के हिसाब से पुलिस को हर 4 घंटे में एक आरोपी को गिरफ्तार कर लेना चाहिए था, लेकिन ऐसा कुछ भी नहीं हुआ. उल्टा हर चार घंटे में सूबे में किसी महिला या लड़की के बेआबरू होने की ख़बर जरूर आई.
 
Stay Connected with InKhabar | Android App | Facebook | Twitter
 
शायद यूपी पुलिस इस परिवार की पीड़ा को समझती तो सीएम के दिये 24 घंटे के अल्टीमेटम में सभी आरोपियों को गिरफ्तार कर लेती, लेकिन अफसोस की ऐसा नहीं हुआ है.
 
इंडिया न्यूज़ के खास कार्यक्रम सलाखें में देखिए बुलंदशहर गैंगरेप के बाद पुलिस का काम.

देश और दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक,गूगल प्लस, ट्विटर पर और डाउनलोड करें Inkhabar Android Hindi News App