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Sawan Kanwar Rules: सावन में जलाभिषेक का सही तरीका क्या है? जानिए प्लास्टिक की बोतल से जलाभिषेक करना चाहिए या नहीं

Sawan Rules 2026: सावन 2026 में क्या प्लास्टिक की बोतल से भगवान शिव का जलाभिषेक करना उचित है? जानिए ज्योतिषाचार्य  के अनुसार शास्त्रों में क्या कहा गया है.

By: Shivashakti Narayan Singh | Last Updated: July 31, 2026 7:58:12 PM IST



Sawan Jalabhishek Rules: सावन के महीने में लाखों शिवभक्त गंगाजल लेकर भगवान शिव का जलाभिषेक करते हैं. यात्रा के दौरान कई लोग सुविधा के लिए प्लास्टिक की बोतलों में गंगाजल रखते हैं और मंदिर पहुंचकर उसी बोतल से जल चढ़ा देते हैं.

लेकिन क्या ऐसा करना धार्मिक परंपराओं के अनुसार उचित माना जाता है? इसको लेकर ज्योतिषाचार्य ने महत्वपूर्ण जानकारी दी है.

जलाभिषेक के लिए किस पात्र का करना चाहिए इस्तेमाल?

पंडित कौशल पांडेय के मुताबिक, पूजा-पाठ में इस्तेमाल होने वाले पात्र का भी अपना धार्मिक महत्व होता है. शास्त्रों में तांबे, पीतल, चांदी और मिट्टी के बर्तन को शुभ माना गया है. इसलिए भगवान शिव का जलाभिषेक भी इन्हीं पात्रों से करना अधिक उचित माना जाता है.उनका कहना है कि यदि श्रद्धालु यात्रा के दौरान प्लास्टिक की बोतल में गंगाजल लेकर आए हैं, तो मंदिर पहुंचने के बाद जल को पहले किसी धातु या मिट्टी के पात्र में निकाल लेना चाहिए. इसके बाद उसी पात्र से शिवलिंग पर जल अर्पित करना बेहतर माना जाता है.

प्लास्टिक की बोतल को लेकर क्या है धार्मिक मान्यता?

धार्मिक मान्यताओं के अनुसार प्लास्टिक को पूजा-अर्चना के लिए पवित्र सामग्री नहीं माना जाता. यही वजह है कि सीधे प्लास्टिक की बोतल से भगवान शिव का जलाभिषेक करने से बचने की सलाह दी जाती है. हालांकि यदि यात्रा के दौरान मजबूरी में प्लास्टिक की बोतल का उपयोग करना पड़े, तो इसे कोई दोष नहीं माना जाता, लेकिन पूजा के समय पारंपरिक पात्र का उपयोग करना अधिक शुभ माना जाता है. फिर भी पूजा-विधि में शास्त्रों और परंपराओं का पालन करने का विशेष महत्व बताया गया है. इसलिए जलाभिषेक करते समय सही पात्र का इस्तेमाल करने से धार्मिक मर्यादा भी बनी रहती है और पूजा का महत्व भी बढ़ जाता है.
 
 Disclaimer: इस लेख में दी गई जानकारियों का हम यह दावा नहीं करते कि ये जानकारी पूर्णतया सत्य एवं सटीक है. पाठकों से अनुरोध है कि इस लेख को अंतिम सत्य अथवा दावा न मानें एवं अपने विवेक का उपयोग करें. Inkhabar इसकी सत्यता का दावा नहीं करता है.

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