नई दिल्लीः बीजेपी नेता जीवीएल नरसिम्हा राव और सांसद साक्षी महाराज ने बुधवार को एक बार फिर राहुल गांधी पर हमला बोला है. नरसिम्हा राव ने ट्वीट करते हुए राहुल गांधी को ‘बाबर भक्त-खिलजी का रिश्तेदार’ बता डाला. नरसिम्हा राव के इस ट्वीट के बाद एक बार फिर धर्मयुद्ध की राजनीति सियासी गलियारों में गूंजने लगी है. जीवीएल ने ट्वीट किया, ‘अयोध्या में राम मंदिर का विरोध करने के लिए राहुल गांधी ने ओवैसिस, जिलानिस से हाथ मिला लिया है. राहुल गांधी निश्चित रूप से एक ‘बाबर भक्त’ और ‘खिलजी के रिश्तेदार’ हैं. बाबर ने राम मंदिर को नष्ट कर दिया और खिलजी ने सोमनाथ को लूट लिया. नेहरू वंश दोनों इस्लामी आक्रमणकारियों के पक्ष में.’ बीजेपी सांसद साक्षी महाराज तो नरसिम्हा राव से एक कदम और आगे निकले और राहुल को खिलजी की औलाद बता डाला. साक्षी महाराज ने कहा कि राहुल गांधी खिलजी की औलाद लगते हैं. उन्होंने कहा कि एक तरफ राहुल गांधी मंदिर-मंदिर घूम रहे हैं, वहीं उनकी पार्टी के नेता कपिल सिब्बल सुप्रीम कोर्ट में मंदिर का विरोध कर रहे हैं. 2019 से पहले अगर मंदिर नहीं बना तो यह देश की जनता के साथ अन्याय होगा.

साक्षी महाराज ने आगे कहा कि राहुल शिव भक्त हो नहीं सकते वह खिलजी भक्त हैं और अगर नहीं है तो 2019 से पहले राम मंदिर बनवाए, क्योंकि उनके पिताजी ने ही उसका ताला खुलवाया था. गौरतलब है, जीवीएल नरसिम्हा राव इससे पहले भी राहुल को अलाउद्दीन खिलजी और औरंगजेब बता चुके हैं. गुजरात विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान राजकोट में राव ने कहा था, ‘मुगल शासक औरंगजेब ने अपने शासनकाल में कई मंदिरों को ध्वस्त करवाया. जब लोगों ने उसका विरोध किया तो उसने 2-3 मंदिरों का निर्माण कराने का वादा किया. अलाउद्दीन खिलजी ने भी ऐसा ही किया था. अब कांग्रेस उपाध्यक्ष राहुल गांधी भी उसी दिशा में जा रहे हैं.’ राव ने राहुल गांधी के मंदिर जाने को एक ड्रामा बताया. राव ने कहा, राहुल मंदिर जाकर लोगों को गुमराह करने की कोशिश कर रहे हैं. ऐसा करके वह बहुसंख्यकों को लुभाने का प्रयास कर रहे हैं. गुजरात चुनाव में ऐसा करना कांग्रेस पार्टी की मजबूरी बन गया है.

बताते चलें कि राव लगातार राहुल गांधी के मंदिर जाने को लेकर भी सवाल उठा रहे हैं. वैसे भी मौजूदा वक्त में देश में राम मंदिर का मुद्दा सुर्खियों में बना हुआ है. मंगलवार को इस मामले में सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई हुई थी. सुन्नी वक्फ बोर्ड के वकील और कांग्रेस नेता कपिल सिब्बल ने कोर्ट में दलील दी कि सुनवाई 2019 तक टाल दी जाए. इसके पीछे उन्होंने तर्क दिया कि राम मंदिर NDA के एजेंडे में है, लिहाजा इस मामले की सुनवाई को 2019 में होने वाले आम चुनाव तक टाला जाए. जिसके बाद इस मुद्दे को लेकर बीजेपी सीधा कांग्रेस पर हमला बोल रही है. बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह ने मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कांग्रेस से इस मामले में अपना रूख साफ करने को कहा. शाह ने कहा कि अयोध्या में भगवान श्रीराम का भव्य मंदिर निर्माण देश की आस्था से जुड़ा हुआ है.

सुब्रमण्यन स्वामी का दावा, राम मंदिर में मनाएंगे अगली दिवाली

Gujarat Assembly Election 2017: एक्शन में PM नरेंद्र मोदी, 2 दिन में 8 जनसभाओं को करेंगे संबोधित, ये है पूरा प्लान

 

 

Leave a Reply

Your email address will not be published.

देश और दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक,गूगल प्लस, ट्विटर पर और डाउनलोड करें Inkhabar Android Hindi News App