नई दिल्ली. भारत में नागरिकता संशोधन अधिनियम को लेकर कई जगह विरोध हो रहा है. इस विरोध को लेकर श्री श्री रविशंकर महाराज ने विरोध कर रहे सभी लोगों से शांति रखने की अपील की है. न्यूज एजेंसी एएनआई से बात करते हुए श्री श्री रविशंकर महाराज ने कहा मैं सभी पूर्वोत्तर राज्यों में इस अधिनियम का विरोध कर रहे लोगों से अपील करना चाहूंगा कि वे जन-जीवन और संपत्ति को नुकसान न पहुंचाए. जो लोग विरोध कर रहे हैं वह शांतिपूर्वक अपनी चिंताओं को सामने रखें.

इसके साथ ही श्री श्री रविशंकर महाराज ने कहा कि श्रीलंकाई तमिल शरणार्थियों को भी नागरिकता मिलनी चाहिए. देश के कई हिस्सो में नागरिकता संशोधन अधिनियम को लेकर काफी हिंसा हो रही है.

सबसे अधिक इस अधिनियम को लेकर असम में विरोध हो रहा है. गुवाहाटी मेडिकल कॉलेज अस्पताल के अनुसार अब तक इस विरोध में 3 लोगों की मौत 27 लोग घायल होने की पुष्टि भी हो गई है. 11 दिसंबर को संसद में नागरिकता संशोधन विधेयक 2019 पारित होने के बाद असम के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन शुरू हो गए हैं, और 12 दिसंबर को राष्ट्रपति के आश्वासन के बाद यह एक अधिनियम बन गया है.

लोकसभा ने नागरिकता (संशोधन) विधेयक पारित किया गया था. जो पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आने वाले गैर-मुस्लिम शरणार्थियों को भारतीय नागरिकता प्रदान करने का प्रयास करता है. प्रस्तावित कानून के अनुसार 31 दिसंबर 2014 तक जो हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई समुदायों के सदस्य, जो पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से आए हैं उन्हें अवैध आप्रवासियों के रूप में नहीं माना जाएगा.

ये भी पढ़ें

CAB Protest In Assam Tripura Highlights: नागरिकता संशोधन विधेयक को लेकर असम और त्रिपुरा में हिंसक प्रदर्शन, अगले 48 घंटे बंद रहेंगी इंटरनेट सेवा, असम में बीजेपी विधायक का घर प्रदर्शनकारियों ने फूंका

Citizenship Amendment Bill: क्या है नागरिकता संशोधन बिल जिसे नरेंद्र मोदी सरकार आज लोकसभा में करेगी पेश, क्यों हो रहा इस पर विवाद

Leave a Reply

Your email address will not be published.

देश और दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक,गूगल प्लस, ट्विटर पर और डाउनलोड करें Inkhabar Android Hindi News App