एंटीगुआ: 13500 करोड़ रूपये का पीएनबी घोटाला करके एंटीगुआ भागे मेहुल चौकसी ने पहली बार मीडिया के सामने आकर खुद को बेकसूर बताया है. चौकसी ने उल्टा प्रवर्तन निदेशायल पर उन्हें फंसाने का आरोप लगाते हुए कहा है कि बैंक को बचाने के लिए उन्हें बलि का बकरा बनाया गया. चौकसी ने कहा कि जिस कंपनी को लेकर उसके खिलाफ एफआईआर की गई वो उस कंपनी से बाहर आ चुके थे. 

मेहुल चौकसी ने कहा कि प्रवर्तन निदेशायल यानी ईडी ने गलत तरीके से उनकी संपत्ति अटैच की है. एंटीगुआ की नागरिका लेने के सवाल के जवाब में मेहुल चौकसी ने कहा कि ‘मैं भारत आना चाहता था लेकिन भारत सरकार ने मेरा पासपोर्ट रद्द कर दिया.’

बतौर चौकसी पासपोर्ट ऑफिस से उन्हें मेल आया कि सुरक्षा कारणों से आपका पासपोर्ट रद्द किया जा रहा है. इस बीच मेहुल चौकसी ने एंटीगुआ की नागरिकता ले ली और अब उसकी भारत प्रत्यारपण की कोशिश हो रही है.

क्या है मेहुल चौकसी और नीरव मोदी का पीएनबी घोटाला?

दरअसल मेहुल चौकसी और उसके भांजे नीरव मोदी पर पीएनबी के 13500 करोड़ रूपये का लोन लेकर भागने का आरोप है. पेशे से हीरा कारोबारी और रिश्ते में मामा-भांजे मेहुल और नीरव मोदी पीएनबी घोटाला कर भारत से फरार हो गए हैं. बताया जा रहा है नीरव मोदी लंदन में है जबकि मेहुल चौकसी एंटीगुआ में है.

एक हिंदी न्यूज चैनल ने मेहुल चौकसी का इंटरव्यू किया है जिसमें वो रो-रोकर खुद को को बेकसूर बता रहा है. यही नहीं वो जांच एजेंसियों को ही कटघरे में खड़ा कर रहा है. 

Mehul Choksi interview Highlights: