नई दिल्ली. चार राज्यों और एक केंद्र शासित प्रदेश में विधानसभा चुनाव संपन्न होने के बाद अब हर किसी को नतीजों का इंतजार है, जो 2 मई को घोषित किए जाएंगे, लेकिन नतीजों से पहले हर किसी को एग्जिट पोल का इंतजार था. वैसे तो नतीजों के हिसाब से पश्चिम बंगाल राज्य सबसे महत्वपूर्ण है, लेकिन अन्य राज्यों को लेकर भी राजनीतिक दल बहुत बेसब्री से इंतजार कर रहे हैं. तमिलनाडु विधानसभा चुनाव के एग्जिट पोल प्रदेश में सत्ता परिवर्तन का इशारा कर रहे हैं. इंडिया न्यूज-जन की बात ओपिनियन पोल के मुताबिक डीएमके-कांग्रेस की बड़ी जीत की संभावना जताई गई है. गठबंधन को 130-110 सीटें मिलने का अनुमान लगाया गया है. वहीं सत्ताधारी एआईएडीएमके-बीजेपी गठबंधन को 102-123 सीटों पर सिमटते दिखाया जा रहा है. जबकि अन्य को 2-1 दिखा रहा है.

तमिलनाडु में 71 फीसदी वोटिंग

तमिलनाडु समेत पांच राज्यों में विधानसभा चुनाव के लिए वोटिंग खत्म हो गई है. सभी की नजर अब नतीजों पर है, जो 2 मई को घोषित होंगे. इससे पहले 29 अप्रैल यानी कि गुरुवार को बंगाल में आखिरी चरण की वोटिंग के बाद तमाम एजेंसियों के एग्जिट पोल सामने आ रहे हैं. 234 विधानसभा सीट वाले तमिलनाडु में बीते 6 अप्रैल को एक चरण में वोटिंग हुई थी. इस दौरान 71.43 प्रतिशत लोगों ने मतदान किया था. यहां मुख्य मुकाबला एआईएडीएमके-बीजेपी गठबंधन और कांग्रेस-डीएमके गठबंधन के बीच है.

किसको मिलेगी बढ़त
प्रदेश में फिलहाल एआईएडीएमके-बीजेपी के गठबंधन की सरकार है. चुनाव से पहले कई एजेंसियों की ओर से कराए गए ओपिनियन पोल में इस बार सत्ताधारी गठबंधन को नुकसान की आशंका जताई गई है. तकरीबन सभी ओपिनियन पोल में डीएमके-कांग्रेस गठबंधन को बढ़त बनाते दिखाया गया है. हालांकि, कौन बढ़त में है, इस पर अंतिम फैसला 2 मई को आएगा. चुनाव के दौरान बीजेपी और एआईएडीएमके ने लोगों को लुभाने में कोई कसर नहीं छोड़ी थी.

इंडिया न्यूज-जन की बात ओपिनियन पोल के मुताबिक, पुडुचेरी में यूपीए की वापसी बहुत मुश्किल नजर आ रही है. केंद्र शासित प्रदेश पुडुचेरी में एनडीए की सरकार बनती दिख रही है. 30 विधानसभा सीटों में से एनडीए को 19-24 सीटें मिलती दिख रही हैं, जबकि यूपीए को 11-06 सीटें मिल रही हैं. वहीं अन्य के खाते में एक भी सीट जाती नहीं दिख रही है.

पुडुचेरी में 2016 के विधानसभा चुनाव में यहां कांग्रेस के नेतृत्व में यूपीए की सरकार बनी थी. इसमें कांग्रेस को अकेले ही 15 सीटें मिली थी, उस वक्त डीएमके के समर्थन से यूपीए की सरकार बनी थी, लेकिन 2021 के चुनाव से कुछ ही दिन पहले यहां कांग्रेस की सरकार गिर गई थी.

केरल की 140 विधानसभा सीटों के लिए 6 अप्रैल को पूरे राज्य में वोट डाले गए थे. पूरे राज्य में एक चरण में हुए मतदान में कुल 74.02 प्रतिशत वोटर्स ने अपने मताधिकार का उपयोग करते हुए राजनीतिक दलों की किस्मत वोटिंग मशीन में कैद कर दी. इस बार केरल की सत्ता किसके हाथ आएगी इसका फैसला 2 मई को होगा. लेकिन बंगाल चुनाव के आठवें चरण का मतदान खत्म होते ही एग्जिट पोल के नतीजे सामने आ गए हैं.

एलडीएफ की होगी सत्ता में वापसी

इंडिया न्यूज-जन की बात ओपिनियन पोल के मुताबिक एग्जिट पोल के मुताबिक केरल में एलडीएफ गठबंधन एक बार फिर सरकार बनाता दिख रहा है. एलडीएफ को 64-76 सीटों वाली विधानसभा में 104-120 सीट मिलने का अनुमान है. वहीं कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ को 71-61 से सीट मिलने का अनुमान है. वहीं मेट्रोमैन ई श्रीधरन को अपना मुख्यमंत्री उम्मीदवार घोषित करने वाले भाजपा गठबंधन को 4 से 2 सीट मिल सकती है.

पिछली बार लेफ्ट गठबंधन की हुई थी जीत

सरकार बनाने के लिए केरल में 71 सीट पर जीत हासिल करनी होगी. पिछली बार विधानसभा चुनाव में सीपीईएम के नेतृत्व वाले एलडीएफ गठबंधन को जीत मिली थी. गठबंधन को 91 सीट पर जीत मिली थी. वहीं कांग्रेस के नेतृत्व वाले यूडीएफ गठबंधन को 47 सीट मिली थी. वहीं भाजपा को एक सीट पर जीत हासिल हुई थी.

India News Jan Ki Baat Opinion Poll Assam : असम में फिर से हो सकती हैं भाजपा की वापसी, जानिए कितनी सीटों पर सिमटेगी एनडीए?

India News Jan Ki Baat Opinion Poll West Bengal : पश्चिम बंगाल में इस बार भाजपा रच सकती है इतिहास, महज इतनी सीटों पर सिमट सकती हैं ममता बनर्जी की पार्टी टीएमसी

देश और दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक,ट्विटर