Flood 2021 : प्रकृति जब अपना रौद्र रूप दिखाती है, तब व्यक्ति को सम्भलने का मौका भी नहीं मिल पाता. बाढ़ से उत्तर प्रदेश, बिहार और बंगाल तो पहले ही प्रभावित थे अब खबर है कि असम और तेलंगाना में भी नदियां अपने उफान पर हैं और जिले बाढ़ग्रस्त है. बाढ़ से कई इलाके बुरी तरह प्रभावित है, जिससे लोगों को दिक्कतों का सामना कर पड़ रहा है.

भूस्खलन की घटनाएं भी बढ़ी

बाढ़ से उत्तर प्रदेश, बिहार, और बंगाल जैसे राज्य बूरी तरह बाढ़ग्रस्त है. भारी बारिश के चलते ब्रह्मपुत्र नदी और उसकी सहायक नदियां उफान पर हैं. इसके चलते तिनसुकिया-डिब्रूगढ़ में लाइका-दधिया के गांव जलमग्न हो गए हैं. कामरूप के पानीखैती गांव में भी भारी बारिश के चलते पानी घुस गया. कई इलाकों में इस दौरान भूस्खलन की घटनाएं भी हुई. इसी बीच उत्तराखंड (Uttarakhand) के तहसील धारचूला और नेपाल गांव में एक साथ बादल फटने की खबर सामने आई है, जिसके चलते धारचूला तहसील से 12 किमी दूर कैलास मानसरोवर यात्रा मार्ग से लगे जुम्मा गांव का संपर्क कट गया है. बता दें कि बादल फटने से सबसे ज्यादा कहर इसी गाँव में बरसा है, जिसमें नौ लोग लापता बताए जा रहे हैं. जबकि कई मकान क्षतिग्रस्‍त हो गए हैं. दो लोगों के मौत की खबर है और पांच लोग मलबे में दबे हैं. उत्तराखंड के सीएम पुष्कर सिंह धामी ने ट्वीट कर ये जानकारी दी है. राहत और बचाव कार्य के लिए टीमें जुटी है. तेलंगाना में भी भारी बारिश से तबाही मची हुई है. लोग बाढ़ से बेहाल है.

बाढ़ के कारण उत्तर प्रदेश और बिहार में पुल के पुल बह गए और इलाके जलमग्न हो गए. बाढ़ की वजह से कई लोग अपने घरों से दूर हो गए. बाढ़ के चलते राहत और बचाव कार्य के लिए NDRF की टीमों को अलर्ट पर रखा गया है. बाढ़ प्रभावित इलाकों में NDRF की टीमें लगातार खाद्यान सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित कर रही हैं.