नई दिल्ली. नागरिकता संशोधन बिल लोकसभा के बाद अब राज्यसभा में भी पारित हो चुका है. गृह मंत्री अमित शाह ने बुधवार को यह बिल संसद के उच्च सदन में पेश किया था. सदन में इस बिल पर काफी हंगामा हुआ. विपक्षी सांसदों ने राज्यसभा में इस बिल में संशोधन और सेलेक्ट कमिटी को भेजे जाने का प्रस्ताव भी रखा. हालांकि इसके बावजूद केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार इस बिल को पारित कराने में सफलता हासिल की. कांग्रेस ने इसे भारत के इतिहास में काला दिन करार दिया है. जबकि टीएमसी ने साफ कर दिया है कि यह नागरिकता संशोधन विधेयक पश्चिम बंगाल में लागू नहीं होगा. सिक्किम को छोड़कर पूर्वोत्तर के सभी राज्यों के सभी गैर कांग्रेसी सांसदों ने राज्यसभा में बिल का समर्थन किया.

कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी ने कहा कि आज का दिन भारतीय संविधान के इतिहास के काले दिन के रूप में दर्ज किया जाएगा. नागरिकता संशोधन बिल के पारित होना भारत के बहुलता वाले सिद्धांत पर संकुचित और कट्टर सोच की विजय है.

नेशनलिस्ट कांग्रेस पार्टी के नेता प्रफुल पटेल ने कहा कि एनसीपी दो सांसद मजीद मेमन और वंदना चव्हाण बिल पर वोटिंग के दौरान राज्यसभा में मौजूद नहीं थे. एक की तबियत खराब थी तो दूसरे के घर में शादी होने की वजह से वे सदन में अनुपस्थित रहे.

तृणमूल कांग्रेस के राज्यसभा सासंद डेरेक ओ ब्रायन ने कहा कि मोदी सरकार सिर्फ बड़े-बड़े वादे करती है, जबकि वादे पूरे करने में असफल ही साबित होती है. ममता बनर्जी ने साफ कर दिया है कि एनआरसी और नागरिकता संशोधन बिल पश्चिम बंगाल में लागू नहीं होगा.

शिवसेना ने लोकसभा में नागरिकता संशोधन बिल का समर्थन किया था. जबकि राज्यसभा में इस बिल पर वोटिंग के दौरान शिवसेना ने वॉक आउट कर दिया. इस पर शिवसेना नेता संजय राउत से जब पूछा गया कि क्या उनकी पार्टी ने महाराष्ट्र में महा विकास अघाड़ी सरकार के चलते हुए अपना स्टैंड बदला? तो राउत ने कहा कि शिवसेना एक स्वतंत्र राजनैतिक पार्टी है. जो हमारे विचार थे वो हमने रखे.

केंद्र सरकार ने CAB पर सवालों के सही से जवाब नहीं दिए, इसी के चलते शिवसेना ने इस बिल का वॉक आउट करने का निर्णय लिया. पार्टी ने न ही समर्थन में और न ही विरोध में वोट डाला है.

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्वीट कर लिखा कि आज का दिन हमारे देश और देश के भाईचारे के लिए लैंडमार्क के रूप में स्थापित हो गया है. राज्यसभा में जिन सांसदों ने CAB के समर्थन में वोटिंग की उन्हें धन्यवाद. जो लोग सालों से विस्थापन का दंश झेल रहे हैं यह बिल उनके लिए मरहम साबित होगा.

उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पीएम नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह को धन्यवाद किया. योगी ने कहा कि आज का दिन संसद के इतिहास का स्वर्ण दिवस है. यह सिर्फ प्रधानमंत्री के कारण संभव हो सका है. नागरिकता संशोधन बिल से कांग्रेस और उसकी सहयोगी पार्टियों के असली चेहरे भी सामने आ गए हैं.

Also Read ये भी पढ़ें-

नागरिकता संशोधन बिल के खिलाफ प्रदर्शन के चलते गुवाहाटी और डिब्रूगढ़ विश्वविधालयों में परीक्षाएं 16 दिसंबर तक स्थगित

नागरिकता संशोधन बिल राज्यसभा में पारित, नरेंद्र मोदी सरकार को मिली बड़ी सफलता