नई दिल्ली. छठ पूजा ( Chhath Puja 2021 ) का त्यौहार आज यानी 8 नवम्बर से शुरू हो गया है. इस त्यौहार में साफ़-सफाई का विशेष तौर पर ध्यान रखा जाता है. इस त्यौहार में सूर्य देव को अर्घ्य दिया जाता है. इस त्यौहार में सूर्य देव की उपासना करने से घर धन-धान्य से परिपूर्ण रहता है. महिलाएं संतान प्राप्ति के लिए भी यह व्रत रखती हैं. छठ का व्रत काफी कठिन माना जाता है. यह व्रत तीन दिनों का होता है.

छठ के दौरान बरतें ये सावधानियां

छठ का त्यौहार आ गया है. बिहार में इस त्यौहार की धूम अलग ही देखने को मिलती है. छठ के व्रत को काफी कठिन माना जाता है, इस व्रत में आपको इन बातों का विशेष तौर पर ध्यान रखना चाहिए.

1. सूर्य भगवान को जिस बर्तन से अर्घ्य देते हैं, वो चांदी, स्टेनलेस स्टील, ग्लास या प्लास्टिक का नहीं होना चाहिए.

2. छठ पूजा का प्रसाद उस जगह पर नहीं बनाना चाहिए जहां खाना बनता हो. पूजा का प्रसाद मिट्टी के चूल्हे पर ही पकाएं.

3. छठ व्रतियों को बिस्तर पर नहीं सोना चाहिए. व्रत करने वाली महिलाओं को ज़मीन पर ही सोना चाहिए.

4. व्रत में महिलाओं को किसी भी प्रकार के अपशब्दों का इस्तेमाल नहीं करना चाहिए.

5. छठ के दौरान बनने वाले भोजन में लहसुन प्याज का प्रयोग न करें.

6. प्रसाद बनाते वक्त कुछ ना खाएं. प्रसाद बनाते वक्त और पूजा के दौरान हर किसी को साफ-सुथरे कपड़े पहनने चाहिए.

7. छठ के दौरान मांसाहार भोजन न खाएं.

8. छठ का व्रत रखने वाली महिलाओं को सूर्यदेव को अर्घ्य देने के बाद ही भोजन करना चाहिए.

छठ के त्यौहार की विशेष मान्यताएं

छठ के त्यौहार का महिलाओं को साल भर इंतज़ार रहता है, महिलाएं इस दौरान व्रत रख कठिन तपस्या करती हैं. कहा जाता है कि छठ का व्रत रखने से घर धन-धान्य से परिपूर्ण रहता है. महिलाएं संतान प्राप्ति के लिए भी छठ का व्रत रखती हैं.

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