गुरुग्राम: हरियाणा के गुरुग्राम के मासूम प्रद्युम्न की हत्या के मामले को लेकर केंद्रीय मंत्री रामविलास पासवान बुधवार को प्रद्युम्न के परिवार से मिलने पहुंचे. प्रद्युम्न के पिता ने मीडिया के सामने ही उनसे कहा कि वो गुड़गांव पुलिस की जांच से संतुष्ट नहीं हैं और इस वजह से ही सीबीआई जांच की मांग कर रहे हैं. रामबिलास पासवान ने कहा कि गुरुग्राम में प्रधुम्न हत्याकांड ने अंदर तक हिला दिया है. आरोपियों को जितनी सजा दी जाए उतनी कम है. सीएम मनोहरलाल से बात करके मैंने कहा है कि उचित कार्यवाई की जाए. सीएम से सीबीआई जांच के बारे में भी बात हुई है. सीएम ने सही जांच और न्याय दिलाने का भरोसा दिया है. 
 
गुड़गांव पुलिस ने 20 टीचर्स से की पूछताछ
इस बीच गुड़गांव पुलिस और SIT ने रेयान स्कूल के करीब 20 टीचर्स को पूछताछ के लिए बुलाया था. ये सभी टीचर्स स्कूल पहुंचे जहां उन सभी से पूछताछ की गई. पुलिस ये जानना चाहती थी कि जब प्रद्युम्न का मर्डर हुआ तब कौन सा टीचर कहा था और उसने क्या-क्या देखा या सुना? पूछताछ के बाद पुलिस ने टीचर्स को जाने दिया लेकिन उनके चेहरे पर दहशत थी. स्कूल के बाहर आने के बाद उन्होंने मीडिया से कोई बातचीत नहीं की.
 
क्या है मामला ?
हरियाणा के गुरुग्राम के रेयान इंटरनेशनल स्कूल में 8 सितंबर को 7 साल के बच्चे प्रद्युमन की हत्या कर दी गई थी. प्रद्युमन की बॉडी टॉयलेट में मिली थी. इस मामले में हरियाणा पुलिस ने स्कूल बस के कंडक्टर अशोक कुमार को गिरफ्तार कर लिया था. बता दें कि 8 महीने पहले ही आरोपी अशोक स्कूल में कंडक्टर की नौकरी पर लगा था.  अशोक ने बताया कि मेरी बुद्धि खराब हो गई थी. मैं स्कूल के बच्चों के टॉयलेट में था. वहां मैं गलत काम कर रहा था. तभी वह बच्चा आ गया. उसने मुझे गलत काम करते देख लिया. सबसे पहले तो मैंने उसे धक्का दिया. फिर अंदर खींच लिया. वह शोर मचाने लग गया, इससे मैं काफी डर गया. फिर मैंने बच्चे को दो बार चाकू से मारा और उसका गला रेत दिया.
 
सुप्रीम कोर्ट पहुंचे प्रद्युम्न के पिता
प्रद्युम्न के पिता वरुण ठाकुर ने 11 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट में पिटीशन लगाई थी, जिसे कोर्ट स्वीकार कर लिया था. वरुण ने केस की जांच सीबीआई से कराए जाने और स्कूलों में छात्रों की सुरक्षा के लिए गाइडलाइंस जारी करने की मांग की है. वरुण के वकील सुशील टेकरीवाल ने सुनवाई के बाद कहा कि कोर्ट की निगरानी में सीबीआई इस मामले की जांच करे, ताकि निष्पक्ष जांच हो सके.
 
सबूत मिटाने की कोशिश की
प्रद्युम्न केस में पुलिस ने कोर्ट में बताया था कि हत्या की वारदात के बाद स्कूल के अधिकारियों ने कुछ सबूत मिटाने की कोशिश की. दरअसल पुलिस के मुताबिक प्रद्युमन की वाटर बोतल पर खून के निशान मिले थे. लेकिन स्कूल के टीचर ने बच्चों से कहकर वाटर वॉटल धुलवा दिए. ये बात स्कूल के बच्चों के बयान में भी सामने आई थी. स्कूल के बच्चों ने बताया था कि टीचर ने उनसे कहा था कि वो प्रद्युमन की वाटर बॉटल और लंच बॉक्स को पानी से धो दें. इस मामले की जांच कर रही हरियाणा पुलिस भी सवालों के घेरे में है, हत्या की थ्योरी को लेकर आरोपी कंडक्टर और पुलिस के बयानों में बड़ा अंतर है.
 

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