नई दिल्ली. कावेरी मुद्दे पर अब कर्नाटक के बाद तमिलनाडु सरकार भी सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है. तमिलनाडु सरकार ने सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में इस मुद्दे को लेकर अर्जी दाखिल कर कोर्ट से मांग की है कि वह कर्नाटक सरकार की आदेशों में बदलाव की अर्जी पर सुनवाई न करे.
 
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सुप्रीम कोर्ट कावेरी मुद्दे पर तमिलनाडु सरकार की अर्जी पर सुनवाई करने के लिए तैयार हो गया है. इस मामले में मंगलवार को कोर्ट में सुनवाई होगी. तमिलनाडु सरकार ने अपनी अर्जी में कहा है कि कर्नाटक सरकार की आदेशों में बदलाव की अर्जी पर सुनवाई ना की जाए जब तक कि वो सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का पालन ना करे.
 
तमिलनाडु ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश को कर्नाटक सरकार ने नहीं माना है. पानी छोड़ने को लेकर कर्नाटक आना-कानी कर रहा है. अर्जी में कहा गया है कि कोई भी राज्य सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का पालन करने से इंकार कैसे कर सकता है ? सुप्रीम कोर्ट के आदेशों का पालन करना राज्य का संवैधानिक दायित्व है.
 
बता दें कि कर्नाटक सरकार ने अर्जी दाखिल कर कोर्ट के उस आदेश में संशोधन की मांग की है जिसमें कोर्ट ने कर्नाटक सरकार को 6000 क्यूसेक पानी प्रतिदिन 27 सितंबर तक तमिलनाडु को देने का आदेश दिया था.
 
कर्नाटक सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में दाखिल अपनी अर्जी में कहा कि वो इस स्थिति में नही है कि तमिलनाडु को पानी दे सके. कर्नाटक सरकार का कहना है कि कावेरी बेसिन में अब पानी नहीं बचा, जो है वो बस पीने के लायक पानी बचा है. बता दें कि 20 सितंबर को सुप्रीम कोर्ट ने 27 सितंबर तक तमिलनाडू को 6000 क्यूसेक पानी देने के आदेश दिए थे.