नई दिल्ली. भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान केंद्र ने प्रक्षेपण तकनीक में एक और कदम आगे बढ़ाया  है. ISRO पहली बार कुल आठ अलग-अलग उपग्रहों को दो अलग-अलग कक्षाओं में स्थापित करने जा रहा है. 
 
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ISRO ने सोमवार सुबह 9 बजकर 12 मिनट पर श्रीहरिकोटा के सतीश धवन अंतरिक्ष केंद्र से कुल 8 उपग्रहों को प्रक्षेपित किया. ISRO के अध्यक्ष ए एस किरण कुमार ने पत्रकारों से कहा,”कल उल्टी गिनती शुरू हो गई और सभी चीजें संतोषजनक तरीके से चल रही हैं. कुमार ने बताया कि पीएसएलवीसी-35 उपग्रहों को दो अलग-अलग कक्षाओं में स्थापित करेगा.”
 
इस प्रक्षेपण में ISRO जिन आठ उपग्रहों को उनकी कक्षा में स्थापित करेगा उनका कुल वजन 675 किलोग्राम हैं, जिनमे भारत व अल्जीरिया के तीन और अमेरिका व कनाडा के एक-एक उपग्रह शामिल है. प्रक्षेपण के 17 मिनट बाद भारतीय उपग्रह स्कैटसैट-1 को 730 किलोमीटर वाली पोलर सनसिन्क्रोनस ऑर्बिट में स्थापित किया जायेगा, जबकि बाकि के सात उपग्रहों को दो घंटे बाद 689 किलोमीटर वाली एक निचली कक्षा में स्थापित किया जाएगा.