नई​ दिल्ली. संयुक्त राष्ट्र महासभा में नवाज शरीफ के भाषण की भारत में कड़ी आलोचना शुरू हो गई है. भाजपा के वरिष्ठ नेता राम माधव ने नवाज शरीफ की तुलना आतंकी संगठन हिजबुल मुजाहिदीन के सुप्रीम कमांडर से की है.
 
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राम माधव ने कहा कि पाकिस्तानी प्रधानमंत्री का संयुक्त राष्ट्र में दिया गया बयान अब तक का सबसे खराब बयान है, वह पाक के सुप्रीम कमांडर नहीं बल्कि हिज्बुल मुजाहिदीन के सुप्रीम कमांडर की तरह बोल रहे थे. 
 
उन्होंने कहा कि भारत पाकिस्तान के बारे में जो भी कहता आया है, ​कल नवाज शरीफ के बयान से वह साबित हो गया है. राम माधव ने आगे कहा कि कूटनीतिक रूप से पाक को सही जवाब दिया गया है. इस भाषण के बाद पाकिस्तान को आतंकी देश घोषित करने के लिए दुनिया को अब किसी सबूत की जरूरत नहीं है.
 
वहीं, नवाज के भाषण पर कांग्रेस नेता अभिषेक मनु सिंघवी ने कहा कि पाकिस्तान को नहीं पता कि जब वे ऐसे बोलते हैं, तो अपना मजाक बनवाते हैं. राम माधव और सिंघवी का यह बयान नवाज शरीफ के यूएन में भाषण देने के बाद आया. 
 
फिर से अलापा कश्मीर राग 
नवाज शरीफ ने अपने भाषण में बुराहन वानि को शांति का चेहरा बताया था. उन्होंने कहा था कि बुरहान शांतिपूर्ण आंदोलन का चेहरा था. कश्मीर की युवा पीढ़ी आजादी चाहती है. नवाज ने कश्मीर राग अलापते हुए ​फिर से मानवाधिकार का मुद्दा उठाया और जनमत संग्रह कराए जाने की मांग की थी. 
 
शरीफ ने अप्रत्यक्ष तौर पर परमाणु हथियारों की धमकी भी दे डाली. उन्होंने कहा कि वह एक परमाणु शक्ति संपन्न देश है, लेकिन सभी संधियों और समझौतों का सम्मान करते हैं.