नई दिल्ली. दिल्ली की अदालत आज उस अर्जी पर अपना आदेश सुनाने वाली है जिसमें केंद्रिय कपड़ा मंत्री स्मृति ईरानी को फर्जी डिग्री मामले में तलब करने की मांग की गई थी. स्मृति के खिलाफ एक शिकायत में यह आरोप लगाया गया था कि उन्होंने चुनावी हलफनामों में अपनी शैक्षणिक योग्यता के बारे में गलत जानकारियां दर्ज की थी. विभिन्न चुनावों में स्मृति ने अलग शैक्षणिक योग्यताएं बताई हैं.
 
इनख़बर से जुड़ें | एंड्रॉएड ऐप्प | फेसबुक | ट्विटर
 
शिकायतकर्ता लेखक अहमद खान की ओर से दी गई दलीलें और दिल्ली यूनिवर्सिटी की तरफ से स्मृति की शैक्षणिक डिग्रियों की सौंपी गई रिपोर्ट के आधार पर स्मृति को तलब करने को लेकर निर्णय लिया जाना है. स्मृति ने 2004 के लोकसभा चुनावों में दिल्ली यूनिवर्सिटी से बीए और 2011 में गुजरात से नामांकन दाखिल करने में डीयू से ही बीकॉम, पार्ट 1 को अपनी शैक्षणिक योग्यता बताया है.
 
आपको बता दें कि इससे पहले चुनाव आयोग की तरफ से पेश हुए अधिकारी ने अदालत को बताया था कि स्मृति की शैक्षणिक योग्यता के दस्तावेज नहीं मिल रहे हैं. लेकिन चुनाव आयोग के मुताबिक यह जानकारी उनकी वेबसाइट पर मौजूद है.