नई दिल्ली. रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को कहा कि सरकार उन विकलांगों से कर लाभ लेने के बारे में अपनी अधिसूचना वापस ले रही है, जिनके पास विकलांगता पेंशन है, लेकिन उन्होंने अपना पूरा कार्यकाल दिया है, यह एक विवादास्पद मुद्दा बन गया है. रक्षा मंत्री ने राज्यसभा को यह भी बताया कि विकलांगता से ग्रस्त किसी भी सैनिक को असुविधा नहीं होगी. रक्षा मंत्री ने उच्च सदन में उठाए गए एक सवाल का जवाब देते हुए कहा, केंद्रीय प्रत्यक्ष कर बोर्ड (सीबीडीटी) से स्पष्टीकरण मांगा गया है और मंत्रालय द्वारा इस मुद्दे की फिर से जांच की जा रही है.

सरकार ने पिछले महीने सीबीडीटी के माध्यम से घोषणा की थी कि विकलांगता पेंशन पर कर लगेगा यदि सैनिक ने तीनों सेवाओं- भारतीय नौसेना, भारतीय सेना और भारतीय वायु सेना के साथ अपना पूरा कार्यकाल दिया है. सीबीडीटी अधिसूचना में कहा गया था कि सेवा के दौरान विकलांग होने के कारण केवल सेवा से “अमान्य” होने वालों को कर लाभ प्राप्त होता रहेगा. 1922 में अंग्रेजों द्वारा कर-मुक्त विकलांगता पेंशन लाई गई थी.कथित तौर पर विकलांगता पेंशन के दुरुपयोग को रोकने के लिए सरकार के आदेश ने दिग्गजों के साथ-साथ सेवारत सैनिकों को भी नाराज कर दिया है. इनमें करीब 25 लाख बुजुर्ग हैं.

बता दें कि सैनिकों के लिए कई और फायदों पर चर्चा की जा रही है. नरेंद्र मोदी सरकार के दूसरे कार्यकाल में रक्षा मंत्री का कार्यभार संभाल रहे राजनाथ सिंह ने अपना पद संभालते ही सैनिकों के लिए वेतन और पेंशन को लेकर बैठक की. इस बैठक में वेतन और पेंशन में बदलाव पर चर्चा हुई. राजनाथ सिंह ने आश्वासन दिया है कि सैनिकों को हर मुमकिन फायदा दिया जाएगा. साथ ही कहा गया है कि सेवानिवृत सैनिकों को भी पेंशन लाभ के साथ- साथ भत्तों का लाभ देने पर भी विचार किया जा रहा है.

7th Pay Commission, 7th CPC Latest News Today: इन सरकारी कर्मचारियों को मिलेगा फायदा, बिना प्रमोशन होगी वेतन वृद्धि

7th Pay Commission: केवीएस टीजीटी, पीजीटी और पीआरटी टीचर का रिजल्ट हुआ जारी, जानें 7वें वेतन के तहत कितनी मिलेगी सैलरी

One response to “7th Pay Commission, 7th CPC Latest News Today: रक्षा मंत्री का दावा- सैनिकों से टैक्स फायदा वापस लेने पर दोबारा हो रहा विचार”

Leave a Reply to Vijay mandal Cancel reply

Your email address will not be published.

देश और दुनिया की ताजातरीन खबरों के लिए हमे फॉलो करें फेसबुक,गूगल प्लस, ट्विटर पर और डाउनलोड करें Inkhabar Android Hindi News App